जल्द निर्णय ले हाईकमान
शिवकुमार की घोषणा के सवाल पर कांग्रेस के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष जी परमेश्वर (71) ने कहा कि सबका अपना-अपना नजरिया है। शिवकुमार ने जो घोषणा की, वह उनके हिसाब से सही हो सकता है। लेकिन आलाकमान का नजरिया अलग होगा। परमेश्वर ने कहा कि उप मुख्यमंत्री का पद नहीं दिया गया तो मेरे बिना कुछ बोले विरोध शुरू हो जाएगा। पार्टी बाद में दलितों के गुस्से को महसूस करे। इससे अच्छा है कि वह पहले ही सतर्क हो जाए और जल्द इस संबंध में निर्णय ले।
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शिवकुमार के फैसले पर जताई आपत्ति
शिवकुमार के फैसले पर आपत्ति जताते हुए परमेश्वर ने कहा कि सिर्फ एक व्यक्ति ही सत्ता में होना चाहिए। दूसरा व्यक्ति सत्ता में न हो, यह सही स्टैंड नहीं है। पार्टी को बहुमत मिला, पार्टी सत्ता में आई। पार्टी को मजबूती प्रदेश के हर समाज ने दिया। इसलिए सबको न्याय देना चाहिए। प्रदेश की 51 दलित सीटों में से पार्टी ने 35 सीटों पर जीत हासिल की है। 35 सीटों के दलित समुदाय ने पार्टी का परचम थामा है। दो सामान्य सीटों पर भी दलित उम्मीदवारों की जीत हुई है। कुल 37 सीटों पर दलितों ने पार्टी को मजबूती दी है।
आठ सालों तक रहे हैं प्रदेश अध्यक्ष
तुमकुरु जिले में जन्मे परमेश्वर कोराटागेरे विधानसभा सीट का प्रतिनिधित्व करते हैं। 2013 विधानसभा चुनाव में उन्हें हार का सामना करना पड़ा था। परमेश्वर प्रदेश के उपमुख्यमंत्री भी रह चुके हैं। इसके साथ ही परमेश्वर ने प्रदेश कैबिनेट में कई महत्वपूर्ण मंत्रालयों को संभाला है। परमेश्वर प्रदेश के इकलौते लंबे समय तक प्रदेश अध्यक्ष रहे हैं, जिनका कार्यकाल आठ साल का था। 10 मई को हुए विधानसभा चुनावों में कांग्रेस ने 135 सीटों पर कब्जा करते हुए जीत दर्ज कराई। जबकि, भाजपा 66 सीटों पर ही सिमट गई। वहीं जनता दल (सेक्युलर) मात्र 19 सीटें ही हासिल कर पाई।