कर्नाटक के मुख्यमंत्री बीएस येदियुरप्पा ने गुरुवार को कहा कि राज्य में मंत्रिमंडल का बहुप्रतीक्षित विस्तार जल्द से जल्द होगा। उन्होंने कहा कि वह 10 नवंबर को उपचुनाव के नतीजों के ठीक बाद पार्टी आलाकमान से इस संबंध में वार्ता करेंगे।
मुख्यमंत्री येदियुरप्पा ने कहा, ''हमारे उम्मीदवार सीरा और राजराजेश्वरी नगर निर्वाचन क्षेत्रों में भारी अंतर से जीतने जा रहे हैं, जिनके परिणाम 10 नवंबर को घोषित किए जाएंगे। उन्होंने कहा कि उस दिन या उसके बाद मैं दिल्ली जाऊंगा या हमारे राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह से फोन पर बात करूंगा और जल्द से जल्द मंत्रिमंडल के विस्तार के बारे में चर्चा करूंगा।''
पार्टी नेतृत्व के फैसले के आधार पर मंत्रिमंडल में फेरबदल होगा : मंगलुरु में भाजपा की राज्य कार्यकारिणी की बैठक से पहले उन्होंने पत्रकारों से कहा कि वह जल्द से जल्द मंत्रिमंडल का विस्तार करेंगे। इससे पहले सितंबर में येदियुरप्पा ने मंत्रिमंडल विस्तार के लिए आलाकमान से मंजूरी लेने के लिए दिल्ली का दौरा किया था, लेकिन इसके लिए हरी झंडी नहीं मिल पाई थी। तब उन्होंने यह कहा था कि पार्टी नेतृत्व के फैसले के आधार पर ही मंत्रिमंडल में फेरबदल होगा।
कई विधायक मंत्री बनने की होड़ में शामिल
येदियुरप्पा के लिए मंत्रिमंडल विस्तार या फेरबदल की राह आसान नहीं रहने वाली है, क्योंकि कई नेता मंत्री बनने की होड़ में शामिल हैं। आठ बार के विधायक उमेश कट्टी जैसे कई पुराने नेताओं को भी मंत्री बनने का इंतजार है। जबकि ए एच विश्वनाथ, आर शंकर और एम टी बी नागराज जैसे कांग्रेस-जद (एस) के बागी नेता भी मंत्री पद की प्रतीक्षा में हैं, जिन्होंने भाजपा को सत्ता में आने में मदद की थी और अब भाजपा की ओर से एमएलसी हैं। मंत्रिमंडल में वर्तमान में 28 सदस्य हैं और छह सीटें अभी खाली हैं। हालांकि, अभी मुख्यमंत्री येदियुरप्पा विधानसभा उपचुनाव के नतीजों का इंतजार कर रहे हैं।