लोकसभा में तृणमूल कांग्रेस के सांसद कल्याण बनर्जी।
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कल्याण बनर्जी ने लोकसभा में तृणमूल कांग्रेस संसदीय दल के मुख्य सचेतक के पद से इस्तीफा दे दिया है। अखिल भारतीय तृणमूल कांग्रेस ने 'एक्स' पर ट्वीट कर बताया कि कल्याण बनर्जी ने लोकसभा में टीएमसी संसदीय दल के मुख्य सचेतक के पद से कल इस्तीफा दे दिया। डॉ. काकोली घोष दस्तीदार को लोकसभा में पार्टी का नया मुख्य सचेतक और शताब्दी रॉय को तत्काल प्रभाव से लोकसभा में टीएमसी का नया उपनेता नामित किया गया है।'
इससे पहले बीते दिन कल्याण बनर्जी का इस्तीफा ऐसे वक्त पर हुआ, जब एक दिन पहले ही महुआ मोइत्रा ने एक पॉडकास्ट में उन पर आपत्तिजनक टिप्पणी की थी। मोइत्रा ने पिनाकी मिश्रा के साथ अपनी शादी पर कल्याण बनर्जी की टिप्पणियों पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा था कि आप **** से कुश्ती नहीं लड़ते। क्योंकि उसे यह पसंद है और आप गंदे हो जाते हैं। भारत में कई घोर स्त्री-द्वेषी, यौन रूप से कुंठित और भ्रष्ट पुरुष हैं। ऐसे लोग हर जगह मिल जाते हैं।
इस टिप्पणी से कल्याण बनर्जी भड़क गए थे। उन्होंने सार्वजनिक रूप से इसकी निंदा करते हुए इसे 'अमानवीय' और नागरिक संवाद के बुनियादी मानदंडों के खिलाफ बताया। उन्होंने पलटवार करते हुए कहा कि मैंने हाल ही में एक सार्वजनिक पॉडकास्ट में महुआ मोइत्रा की व्यक्तिगत टिप्पणियों को सुना। उनके शब्दों का चयन अमानवीय है। यह न केवल दुर्भाग्यपूर्ण है, बल्कि नागरिक संवाद के बुनियादी मानदंडों की अवहेलना है।
'एक्स' पर एक लंबी पोस्ट में उन्होंने आगे कहा, 'किसी पुरुष सहकर्मी को यौन रूप से कुंठित कहना कोई साहस नहीं, बल्कि गाली है। अगर ऐसी भाषा किसी महिला के लिए इस्तेमाल की जाती, तो पूरे देश में हंगामा हो जाता। जब कोई पुरुष निशाना बनता है तो उसे या तो नजरअंदाज कर दिया जाता है या फिर उस पर तालियां बजाई जाती हैं। साफ कर देता हूं- गाली तो गाली ही होती है, चाहे वह किसी के लिए भी हो।' इसके बाद श्रीरामपुर से चार बार सांसद रहे बनरही ने मीडिया के माध्यम से अपने इस्तीफे की घोषणा कर दी।