सिख समुदाय पर बनने वाले चुटकुलों पर रोक लगाने के मद्देनजर सिखों के विभिन्न संगठनों ने सेवानिवृत्त जजों की समितियां बनाई हैं। ये समितियां सुझाव पेश करेंगी कि किस प्रकार इस तरह के इन चुटकुलों को रोका जा सकता है।
दिल्ली सिख गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी(डीएसजीएमसी) की ओर से गठित कमेटी में सुप्रीम कोर्ट के पूर्व जज एमवाई इकबाल और एचएस बेदी सदस्य हैं। वहीं शिरोमणि गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी (एसजीपीसी) ने भी इसे लेकर एक समिति का गठन किया है। इस समिति में पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट के जज केएस ग्रेवाल सदस्य है।
डीएसजीएमसी एवं एसजीपीसी ने यह जानकारी मंगलवार को चीफ जस्टिस टीएस ठाकुर की अध्यक्षता वाली पीठ को दी। डीएसजीएमसी की ओर से पेश वरिष्ठ वकील आरएस सूरी ने पीठ को बताया कि समिति इसे लेकर बैठक कर रही है। समिति इसका उपाय बताएगी कि आखिर सिखों पर बनने वाले चुटकुलों को कैसे रोका जाए। साथ ही समिति उपाय निकालने की कोशिश करेगी कि आखिरकार इंटरनेट पर होने वाले चुटकुलों के प्रचार-प्रसार पर कैसे रोक लगाई जा सकती है।