झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने भगवान जगन्नाथ की रथ यात्रा के मौके पर रांची में जगन्नाथ मंदिर में दर्शन किए।
ओडिशा के मुख्यमंत्री नवीन पटनायक ने भुवनेश्वर के अपने दफ्तर से जगन्नाथ रथ यात्रा का लाइव प्रसारण देखा। इसके साथ ही उन्होंने रथ यात्रा विशेष अंक के साथ राज्य सरकार की उत्कल प्रसंगा मैगज़ीन का भी विमोचन किया।
अक्सर समुद्री इलाकों में हवा का रुख दिन के समय समुद्र से धरती की तरफ होता है जब कि शाम को उसका रुख बदल जाता है वह धरती से समुद्र की ओर बहने लगती है लेकिन यहां भगवान जगन्नाथ की माया इसे उल्टा कर देती है और दिन में धरती से समुद्र की ओर व शाम को हवा समुद्र से मंदिर की ओर बहती है यानि धरती की ओर हवा का बहाव होता है।
दिल्ली में केंद्रीय मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने आज जगन्नाथ रथयात्रा के अवसर पर हौज खास में जगन्नाथ मंदिर का दौरा किया और पूजा की।
गुजरात उच्च न्यायालय द्वारा राज्य सरकार की धार्मिक यात्रा को लेकर दायर याचिका रद्द किए जाने के बाद मंगलवार को भगवान जगन्नाथ मंदिर परिसर में ही प्रतीकात्मक तौर पर रथ यात्रा आयोजित की गई।
पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने मंगलवार को लोगों को जगन्नाथ रथ यात्रा के शुभ अवसर पर बधाई दी।
मंदिर के इस प्रसाद को रोजाना करीब 25000 से ज्यादा भक्त ग्रहण करते हैं। विशेष बात तो यह है कि यहां न तो प्रसाद बचता है और न ही कभी कम पड़ता है।
मंदिर के शिखर पर स्थित ध्वज हमेशा हवा की विपरीत दिशा में लहराता है। ऐसा क्यों होता है यह एक रहस्य ही बना हुआ है। एक और अद्भुत बात इस ध्वज से जुड़ी है वह यह कि इसे हर रोज बदला जाता है और बदलने वाला भी उल्टा चढ़कर ध्वजा तक पंहुचता है।
पश्चिम बंगाल के कोलकाता में इस्कॉन मंदिर में कोरोना वायरस महामारी के बीच, मंदिर परिसर में रथयात्रा निकाली गई।
सुप्रीम कोर्ट द्वारा सोमवार को रथयात्रा को हरी झंडी देने के बाद जय जगन्नाथ के उद्घोष के साथ पुरी गूंज उठा। सेवादारों ने तीनों रथ खींचकर मुख्य मंदिर तक पहुंचाए और रथयात्रा की तैयारियां युद्धस्तर पर शुरू हो गईं। सुप्रीम कोर्ट ने यात्रा के ठीक एक दिन पहले हुई सुनवाई में भगवान जगन्नाथ की रथयात्रा पर कोरोना संक्रमण के चलते लगी रोक हटा ली, लेकिन कड़ी शर्तों के साथ।
पुरी में जगन्नाथ मंदिर से रथयात्रा की शुरुआत हो गई है। रथयात्रा से पहले आज सुबह मंदिर परिसर को सैनिटाइज किया गया।
ओडिशा में पुरी जगन्नाथ मंदिर में रथयात्रा निकालने के लिए पुजारी एकत्रित हो गए हैं। सुप्रीम कोर्ट ने कल कोरोना महामारी के बीच इस साल वार्षिक रथ उत्सव आयोजित करने की अनुमति दी थी। सुप्रीम कोर्ट के आदेश के अनुसार 500 से अधिक लोगों को रथ खींचने की अनुमति नहीं है।
सुप्रीम कोर्ट की अनुमति मिलने के बाद आज पुरी में भगवान जगन्नाथ की रथयात्रा निकाली जाएगी। फिलहाल मंदिर में इसके लिए तैयारी चल रही है।