आईपीएस चारु सिन्हा ने वर्ष 2020 से 2022 तक जम्मू-कश्मीर में लगभग 69 उग्रवाद विरोधी अभियानों में बल का नेतृत्व किया, जिसमें कम से कम 21 आतंकवादी मारे गए।
भारतीय पुलिस सेवा की 1996 बैच की तेज तर्रार अधिकारी चारु सिन्हा को दक्षिणी क्षेत्र में सीआरपीएफ के चार सेक्टर का महानिरीक्षक (आईजी) बनाया गया है। वह यह उपलब्धि हासिल करने वाली पहली महिला आईपीएस हैं। इससे पहले वह श्रीनगर सेक्टर में 2020 में सीआरपीएफ आईजी तैनात होने वाली पहली महिला अधिकारी बनी थीं।
विज्ञापन
चारु सिन्हा ने वर्ष 2020 से 2022 तक लगभग 69 उग्रवाद विरोधी अभियानों में बल का नेतृत्व किया, जिसमें कम से कम 21 आतंकवादी मारे गए। चारु सिन्हा जम्मू-कश्मीर के बडगाम, श्रीनगर और गांदरबल जिलों में लगभग 22,000 सीआरपीएफ कर्मियों की 22 बटालियनों की कमान संभाल चुकी हैं।
आईपीएस चारु सिन्हा बिहार में माओवादी विरोधी अभियानों में भी शामिल रह चुकी हैं। उन्हें 2018 में बिहार सेक्टर का सीआरपीएफ आईजी बनाया गया था, जहां उन्होंने नक्सलियों के खिलाफ अभियानों का सफल नेतृत्व कर प्रशंसा बटोरी थी। वह 2022 में कोविड-19 महामारी के बाद दो साल में पहली बार आयोजित अमरनाथ यात्रा के लिए सुरक्षा व्यवस्था की देखरेख कर चुकी हैं।
विज्ञापन
लव यू जिंदगी कार्यक्रम चलाया
चारु सिन्हा ने लव यू जिंदगी कार्यक्रम का भी निरीक्षण किया था जिसके तहत मानसिक स्वास्थ्य, लिंग और वित्तीय समस्याओं से निपटने के लिए घाटी में तैनात जूनियर सीआरपीएफ कर्मियों के लिए पाठ्यक्रम शिविर लगाए गए थे।