दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल
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दिल्ली सरकार का इंटीग्रेटेड कोविड कमांड एंड कंट्रोल सेंटर शनिवार (15 मई) से चालू हो गया है। 24 घंटे चलने वाले इस कमांड सेंटर में दिल्ली के सभी अस्पतालों से रियल टाइम में ऑक्सीजन, बेड्स और दवाओं की जानकारी ली जाएगी। होम आइसोलेशन के मरीजों और वैक्सीनेशन के आंकड़े भी इस सेंटर में एकत्र किए जाएंगे। आंकड़ों की जानकारी के बाद इन्हें संबंधित सेंटरों को भेजकर लोगों के लिए उचित मदद उपलब्ध कराई जाएगी। सरकार का दावा है कि इस सेंटर के काम करने के बाद दिल्ली में कहीं भी कोरोना पीड़ितों को किसी भी सहयता के लिए भटकना नहीं पड़ेगा। इन आंकड़ों के माध्यम से सरकार बेहतर रणनीति बनाकर कोरोना से बेहतर लड़ाई लड़ सकेगी।
सीएम ने कहा सरकार हर स्तर से कोरोना की लड़ाई लड़ रही है
मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने इस सेंटर की शुरुआत के बाद कहा कि सरकार हर स्तर से कोरोना की लड़ाई लड़ रही है, लेकिन जब तक आधिकारिक और ठोस आंकड़े नहीं होते, सरकार के कामकाज का असर सीमित रहता है। ठोस आंकड़े मिलने पर सरकार ज्यादा जमीनी और प्रभावी रणनीति बना सकेगी।
तीसरी लहर के असर को कम करने की कोशिश
सीएम ने कहा कि भारी मात्रा में वैक्सीनेशन कर हम तीसरी लहर के असर को कम करने की कोशिश कर रहे हैं। अगर यह आती है तो दिल्ली में भारी संख्या में मरीज सामने आएंगे, लेकिन उस स्थिति से निपटने के लिए सरकार अभी से तैयार है। उस समय अगर 30 हजार मरीज एक दिन में भी सामने आए तो सरकार उन्हें संभालने की स्थिति में होगी।
केजरीवाल ने कहा कि हमने कोविशील्ड और कोवैक्सीन की 67-67 लाख वैक्सीन मांगी है। लगभग इतनी ही वैक्सीन के लिए स्पूतनिक को भी लिखा है, लेकिन अभी कोई जवाब नहीं आया है। इन वैक्सीनों के मिलने पर दिल्ली के सभी लोगों को टीका लगाने का लक्ष्य प्राप्त किया जा सकेगा।