भारत और न्यूजीलैंड के बीच सीरीज के तीसरे टेस्ट मैच को देखते हुए लोढ़ा कमेटी ने यस बैंक से कहा कि है कि वह बीसीसीआई के खातों को सीज न करे। सुप्रीम कोर्ट द्वारा नियुक्त लोढ़ा कमेटी ने स्पष्ट किया है कि उन्होंने यस बैंक से भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (बीसीसीआई) के खाते सील करने के लिए नहीं कहा है। इससे पहले कमेटी ने निजी क्षेत्र के बैंकों से बीसीसीआई के खाते सीज करने को कहा था।
अंग्रेजी अखबार 'द हिंदू' के मुताबिक लोढ़ा कमेटी से जुड़े सूत्रों ने बताया कि बीसीसीआई ने उनके किसी भी ई-मेल का जवाब नहीं दिया, जिनमें कमेटी ने बोर्ड और बैंकों से कहा था कि वो राज्य संघों को बड़ी रकम न आवंटित करे। हालांकि बैंकों ने यह स्पष्ट नहीं किया कि वो बीसीसीआई के खाते सीज करेंगे या नहीं। कमेटी ने यस बैंक से बात की है और उनसे बोर्ड के खाते सीज नहीं करने को कहा है।
इससे पहले बीसीसीआई के सलाना सब्सिडी की अदायगी और दूसरे राज्य संघों के भुगतान पर लोढ़ा कमेटी द्वारा सवाल उठाने के बाद मध्य प्रदेश के इंदौर में 8 से 12 अक्टूबर को खेले जाने वाले इस मैच के खेले जाने पर संकट के बादल मंडराने लगे थे।
अंग्रेजी अखबर टाइम्स ऑफ इंडिया की खबर के मुताबिक, बीसीसीआई के अकाउंट को ऑपरेट करने वाले यस बैंक और बैंक ऑफ महाराष्ट्र को भी इस मेल में चिन्हित किया गया है। इस पर मजबूती से अमल करते हुए दोनों बैंकों ने सोमवार को ही बीसीसीआई के खातों को सीज करने का फैसला लिया है। बैंको ने यह कहते हुए इस ईमेल का तुरंत जवाब दिया कि वे जानते हैं कि कि लोढ़ा कमेटी की नियुक्ति सुप्रीम कोर्ट ने की है।
लोढ़ा कमेटी के एक सीनियर अधिकारी ने कहा, छह अक्टूबर को इस मामले में सुप्रीम कोर्ट सुनवाई है, तब तक इंतजार करना चाहिए। उस दिन सब कुछ ठीक हो जाएगा। कार्यकारी कमेटी की डिटेल मिलने के बाद भी लोढ़ा कमेटी ने बीसीसीआई के किसी व्यक्ति के बारे में कुछ नहीं बोला। अधिकारी ने कहा, "हम सबको मूर्ख न बनाया जाए कि हम भुगतान करने में सक्षम नहीं है। न्यूजीलैंड की टीम को सम्मानपूर्वक दौरा छोड़ कर जाने देना चाहिए।"