फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Rajya Sabha: इंडिगो की 500 उड़ानें रद्द होने से आम लोग ही नहीं, सांसद भी परेशान; राज्यसभा में उठा मुद्दा

Fri, 05 Dec 2025 02:16 PM IST
निर्मल कांत न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली।

सार

Rajya Sabha: इंडिगो ने दो दिन में करीब 500 उड़ानें रद्द कर दीं, जिससे यात्रियों और सांसदों की यात्रा योजनाएं बुरी तरह प्रभावित हुईं। राज्यसभा में कांग्रेस सांसद प्रमोद तिवारी ने एयरलाइन के बढ़ते एकाधिकार पर चिंता जताते हुए सरकार से समाधान के बारे में पूछा। संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू ने कहा कि सरकार मामले की जांच कर रही है और विमानन मंत्री जल्द विस्तृत जानकारी देंगे।
विज्ञापन
राज्यसभा की कार्यवाही (फाइल फोटो) - फोटो : एएनआई
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

इंडिगो ने पिछले दो दिनों में करीब 500 उड़ानों को रद्द किया है, जिससे सैकड़ों यात्रियों को मुश्किलों को सामना करना पड़ा है। यह मुद्दा शुक्रवार को राज्यसभा में भी उठा। कांग्रेस सांसद प्रमोद तिवारी ने इस पर चिंता जताते हुए कहा कि एयरलाइन के बढ़ते एकाधिकार का असर आम लोगों के साथ-साथ सांसदों पर भी पड़ रहा है। 
विज्ञापन


शून्यकाल में इस मुद्दे को उठाते हुए प्रमोद तिवारी ने कहा, इसके कारण बड़ी संख्या में सांसदों की साप्ताहांत की यात्रा की योजनाओं पर असर पड़ा है। उन्होंने बताया कि कई संसद सदस्य आज घर जाने और सोमवार को वापस लौटने के लिए टिकट बुक कर चुके थे। लेकिन अब उड़ान रद्द होने से परेशानी बढ़ गई है।

ये भी पढ़ें: 'इंडिगो की विफलता सरकार के एकाधिकार मॉडल की कीमत...', कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने साधा निशाना
विज्ञापन


उन्होंने कहा कि समस्या इंडिगो के एकाधिकार की वजह से पैदा हुई है। तिवारी ने सदन के जरिये पूछा कि जिस नियम के कारण यह स्थिति बनी है, उस पर सरकार क्या कदम उठा रही है और कब तक समस्या का समाधान होगा। उन्होंने मंत्री से सदन को जानकारी देने की मांग की।
विज्ञापन


उनके सवाल पर जवाब देते हुए संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू ने कहा कि सरकार इस मुद्दे की जांच कर रही है। उन्होंने बताया कि सदन में आने से पहले ही उन्होंने विमानन मंत्री से बात की है और एयरलाइन की तकनीकी समस्याओं को देखा जा रहा है। रिजिजू ने कहा कि उन्होंने विमानन मंत्री से आग्रह किया है कि वह इस मुद्दे पर विस्तृत जवाब तैयार करें, क्योंकि कई सदस्य इस पर चर्चा करेंगे। उन्होंने कहा कि इस स्थिति की जानकारी सदन और आम नागरिकों दोनों को मिलनी चाहिए।

विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें