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दरियादिली: भारतीय नौसेना ने पाकिस्तानी चालक दल सदस्य को दी चिकित्सा सहायता, इंजन में काम करते समय हुआ था घायल

Sun, 06 Apr 2025 03:15 PM IST
दीपक कुमार शर्मा न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मुंबई

सार

भारतीय नौसेना ने मध्य अबर सागर में एक नाव पर सवार पाकिस्तानी चालक दल के सदस्य को चिकित्सा सहायता प्रदान कर दरियादिली दिखाई। इंजन में काम करते समय चालक दल की अंगुलियों में गंभीर चोटें आई थीं और बहुत खून बह गया था। भारतीय नौसेना ने पाकिस्तानी चालक दल की मरहम पट्टी कर उसकी अंगुलियों को खोने से बचा लिया।  
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भारतीय नौसेना। (सांकेतिक) - फोटो : ANI
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विस्तार
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भारतीय नौसेना ने पाकिस्तानी चालक दल के सदस्य को चिकित्सा सहायता देकर दरियादिली दिखाई है। नौसेना के एक युद्धपोत ने मध्य अरब सागर में ओमान तट के पास एक मछली पकड़ने वाली नाव पर सवार पाकिस्तानी चालक दल के सदस्य को उस समय चिकित्सा सहायता प्रदान की, जब वह इंजन में काम करते समय घायल हो गया। भारतीय नौसेना ने रविवार को इस संबंध में जानकारी दी। 

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भारतीय नौसेना के आईएनएस त्रिकंद ने शुक्रवार को ओमान तट से लगभग 350 समुद्री मील पूर्व में संचालित एक ईरानी नाव अल ओमीदी से संकट का कॉल सुना। नौसेना ने बताया कि जांच करने पर पता चला कि नाव के एक चालक दल के सदस्य को इंजन में काम करते समय अंगुलियों में गंभीर चोटें आई हैं। उसकी हालत गंभीर थी, जिसे दूसरी नाव, एफवी अब्दुल रहमान हंजिया पर स्थानांतरित कर दिया गया था, जो ईरान के रास्ते में थी। 

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अपना रास्ता बदलकर नाव के पास पहुंचा त्रिकंद 
नौसेना के अनुसार, त्रिकंद ने तुरंत अपना रास्ता बदला और नाव के पास पहुंचा, जहां एफवी अब्दुल रहमान हंजिया के चालक दल में 11 पाकिस्तानी (नौ बलूच और दो सिंधी) और पांच ईरानी कर्मी शामिल थे। एक पाकिस्तानी (बलूच) नागरिक के हाथ में कई फ्रैक्चर और गंभीर चोटें थीं और बहुत अधिक खून बह रहा था। 

तीन घंटे तक चली शल्य चिकित्सा प्रक्रिया
नौसेना ने कहा कि त्रिकंद के चिकित्सा अधिकारी मार्कोस (मरीन कमांडो) तुरंत जहाज की बोर्डिंग टीम के साथ सहायता प्रदान करने के लिए नाव पर चढ़े। घायल को एनेस्थीसिया देने के बाद, उसकी अंगुलियों पर टांके लगाए और पट्टी बांधी। शल्य चिकित्सा प्रक्रिया तीन घंटे से अधिक समय तक चली, जिसके चलते रक्तस्राव को समय रहते नियंत्रित कर लिया गया और अंगुलियां कटने से बच गईं। 
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चालक दल ने भारतीय नौसेना का जताया आभार
इसके अलावा, नौसेना ने ईरान पहुंचने तक चालक दल की भलाई के लिए जहाज को चिकित्सा आपूर्ति जैसे- एंटीबायोटिक्स आदि प्रदान की। पूरे चालक दल ने अपने सदस्य की जान बचाने के लिए भारतीय नौसेना के प्रति गहरा आभार व्यक्त किया। 

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