भारत ने एंटीगुआ और बरबूडा के प्रशासन से पीएनबी के लोन घोटाले के प्रमुख आरोपियों में एक भगोड़े मेहुल चोकसी को हिरासत में लेने का आग्रह किया है। सरकार के सूत्रों ने सोमवार को यह जानकारी दी।
बता दें कि चोकसी के इस कैरिबियाई द्वीप समूह में मौजूदगी की सूचना मिलने के बाद भारत की ओर से यह कदम उठाया गया है। सूत्रों ने बताया कि भारत ने एंटीगुआ के अधिकारियों से थल, जल या वायु के रास्ते चोकसी की आवाजाही पर रोक लगाने का आग्रह किया है। एक सूत्र ने बताया कि जैसे ही विदेश मंत्रालय को चोकसी के एंटीगुआ में मौजूदगी की जानकारी मिली, हमारे जार्जटाउन के उच्चायोग ने दोनों (एंटीगुआ और बरबूडा) को लिखित और मौखिक रूप से अलर्ट किया। भारत ने वहां की सरकार से कहा है कि वह अपने यहां चोकसी की मौजूदगी का पता लगाए। साथ ही साथ उसको हिरासत में ले।
सूत्र ने बताया कि हमारे उच्चायुक्त एंटीगुआ और बरबूडा सरकार के संबंधित अधिकारियों के संपर्क में हैं। हम सरकारों की संबंधित एजेंसियों के माध्यम से इस मामले में आगे बढ़ेंगे। पिछले हफ्ते चोकसी ने दावा किया था कि उसने कारोबार के सिलसिले में पिछले साल एंटीगुआ की नागरिकता ली थी। ज्ञात हो कि इस कैरेबियाई देश के पासपोर्ट पर 132 देशों में बिना वीजा के यात्रा की जा सकती है।