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भारत ने खारिज की मुंबई हमले में शामिल आतंकियों की पाकिस्तानी सूची

Fri, 13 Nov 2020 03:49 AM IST
देव कश्यप एजेंसी, नई दिल्ली।
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MEA Spokesperson Anurag Srivastava - फोटो : ANI
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भारत ने 26/11 मुंबई हमले में शामिल आतंकियों की पाकिस्तान की तरफ से जारी की गई ताजा सूची को खारिज कर दिया है। भारत ने गुरुवार को कहा कि इसमें जघन्य आतंकी हमले के मास्टरमाइंड और प्रमुख साजिशकर्ताओं को स्पष्ट तरीके से बचा लिया गया है।

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बता दें कि 2008 में समुद्र के रास्ते पाकिस्तान से आकर मुंबई में घुसे आतंकियों ने खुद मरने से पहले 60 घंटे तक लोगों को मारने और दहशत फैलाने का काम किया था। इस आतंकी हमले में 28 विदेशियों समेत 166 लोगों की मौत हो गई थी और सैकड़ों अन्य गंभीर घायल हुए थे।


पाकिस्तानी सूची पर कठोर प्रतिक्रिया देते हुए विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता अनुराग श्रीवास्तव ने कहा कि भारत ने बार-बार पाकिस्तान से मुंबई आतंकी हमलों के मुकदमे में अपने अंतरराष्ट्रीय दायित्वों का निर्वहन करने में ‘बाधाएं डालने और कमजोर दांवपेच’ अपनाने को छोड़ने के लिए कहा है। उन्होंने कहा कि हमने पाकिस्तान की कुछ मीडिया रिपोर्ट देखी है, जिनमें वहां की संघीय जांच एजेंसी (एफआईए) ने एक अपडेट ‘मोस्ट वांटेड/हाई प्रोफाइल किताब’ जारी की है, जिसमें 26/11 मुंबई आतंकी हमले में शामिल विभिन्न पाकिस्तानी नागरिकों को सूचीबद्ध किया गया है।
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उन्होंने कहा कि सूची में संयुक्त राष्ट्र की तरफ से प्रतिबंधित पाकिस्तान स्थित आतंकी संगठन लश्कर-ए-तैयबा के कुछ सदस्य शामिल किए गए हैं। इनमें 26/11 हमला करने में इस्तेमाल की गई नौकाओं के चालक दल के सदस्य भी शामिल हैं। यह इस जघन्य हमले के मास्टरमाइंड और प्रमुख साजिशकर्ताओं को स्पष्ट तरीके से बचा रही है।

बता दें कि मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक, इस हमले में शामिल 19 आतंकियों को सूची में शामिल किया गया है। श्रीवास्तव ने कहा कि यह पुष्ट तथ्य है कि 26/11 आतंकी हमले की योजना बनाने, शुरू करने और अंजाम देने का काम पाकिस्तान की धरती से किया गया था। यह सूची स्पष्ट करती है कि पाकिस्तान के पास मुंबई आतंकी हमले के अपने यहां मौजूद साजिशकर्ताओं और सुविधाएं देने वालों के खिलाफ सभी आवश्यक जानकारी और सबूत मौजूद हैं।

पाकिस्तान का हमले की 12वीं बरसी तक भी न्याय नहीं करना चिंता की बात
उन्होंने कहा कि यह गंभीर चिंता की बात है कि पाकिस्तान के पास अपनी सार्वजनिक स्वीकारोक्ति के साथ ही भारत की तरफ से साझा किए गए सभी आवश्यक सबूतों की उपलब्धता है। इसके बावजूद पाकिस्तान को अभी पूरी दुनिया के 15 देशों के 166 मृतकों के परिजनों को न्याय दिलाने की नेकनीयती दिखानी है।  

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