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भय बिनु होइ न प्रीति: कल शिव तांडव स्तोत्र, आज कृष्ण की चेतावनी और रामचरित मानस; भारत का दुनिया को क्या संदेश?

Mon, 12 May 2025 03:04 PM IST
ज्योति भास्कर न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली।

सार

डीजीएमओ की प्रेस ब्रीफिंग के दौरान एक सवाल के जवाब में एयर मार्शल एके भारती ने कहा, दिनकर जी हमारे राष्ट्र कवि रहे हैं। आपको राम चरित मानस की पंक्तियां याद दिलाना चाहूंगा- बिनय न मानत जलधि जड़ गए तीनि दिन बीति। बोले राम सकोप तब भय बिनु होइ न प्रीति। उन्होंने इस बयान के साथ पड़ोसी मुल्क के साथ-साथ पूरी दुनिया को कड़ा संदेश दिया।
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भारतीय सेना ने पाकिस्तान समेत पूरी दुनिया को दिया कड़ा संदेश - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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भारत और पाकिस्तान के बीच जारी तनाव के बीच आज लगातार दूसरे दिन भारतीय सेना के महानिदेशक स्तर के अधिकारियों ने प्रेस ब्रीफिंग की। पहले दिन की प्रेस वार्ता का आगाज शिव तांडव स्तोत्र के संगीत से हुआ था। आज सैन्य अधिकारियों के वक्तव्य से पहले राष्ट्रकवि रामधारी सिंह दिनकर की एक कविता- 'कृष्ण की चेतावनी' के अंशों का इस्तेमाल किया गया। भारतीय सेना दहशतगर्दों के पनाहगाह पाकिस्तान को क्या संदेश देना चाह रही है? क्या पड़ोसी देश के अलावा भारत पूरी दुनिया को संदेश दे रहा है। इन सवालों पर एयरमार्शल एके भारती ने रामचरितमानस की पंक्तियों का उल्लेख किया और कहा कि समझदार को इशारा ही काफी है।
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डीजीएमओ की प्रेस वार्ता में एयरमार्शल एके भारती - फोटो : एएनआई
समझदार को इशारा काफी
एयरमार्शल भारती ने रामचरितमानस की पंक्तियों का उल्लेख किया और कहा कि जब राम समुद्र तट पर उपासना और प्रार्थना कर रहे थे वहां तुलसीदास ने लिखा है-- विनय न मानत जलधि जड़ गए तीन दिन बीत बोले राम सकोप तब.. भय बिनु होहीं न प्रीत।

एके भारती, डीजीएओ - फोटो : अमर उजाला
भारत की लड़ाई आतंकियों के खिलाफ, पाकिस्तान ने हमारे सैन्य ठिकानों को निशाना बनाया
इससे पहले एयर मार्शल एके भारती ने कहा कि रविवार को हमने विस्तार से बताया था कि भारत ने किस तरह पाकिस्तान और पाकिस्तान के कब्जे वाले कश्मीर में कार्रवाई की थी। हमने स्पष्ट किया था कि हमने आतंकी ठिकानों को निशाना बनाया था, पाकिस्तान के सैन्य प्रतिष्ठानों को नहीं। हालांकि, पाकिस्तान ने हमारे सैन्य ठिकानों को निशाना बनाया। हमारी लड़ाई आतंकवाद और आतंकियों के खिलाफ थी।

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डीजीएमओ राजीव घई - फोटो : अमर उजाला
पाकिस्तान ने आतंकवाद का साथ देने का फैसला किया
एयरमार्शल भारती ने कहा, 7 मई को हमने आतंकी ठिकानों पर ही हमला किया था, लेकिन पाकिस्तान ने आतंकवाद का साथ देने का फैसला किया। उनका जो भी नुकसान हुआ, इसके लिए वे खुद जिम्मेदार हैं। हमारी तरफ से एयर डिफेंस सिस्टम देश के लिए दीवार की तरह खड़ा था। इसे भेदना दुश्मन के लिए नामुमकिन था। उनके अलावा डीजीएमओ राजीव घई ने भी कड़ा संदेश देते हुए कहा कि पाकिस्तानी आतंकियों के पाप का घड़ा भर चुका था।

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डीजीएमओ की प्रेस वार्ता में लेप्टिनेंट राजीव घई - फोटो : एएनआई
शिव तांडव स्तोत्र से आगाज
दरअसल, भारतीय सेना ने स्पष्ट संदेश दिया है। शिव तांडव स्तोत्र के संगीत से शुरुआत करना आत्मविश्वास के साथ दृढ़ मानसिकता भी दिखाता है। रविवार शाम जब तीनों सेनाओं के अधिकारी जब प्रेस ब्रीफिंग करने पहुंचे तो ऑडियो-वीडियो प्रस्तुति चलाई गई। इसके माध्यम से भी भारतीय सेना ने स्पष्ट संदेश दिया। ऐसा इसलिए क्योंकि जिस बैकग्राउंड संगीत का इस्तेमाल किया गया वह- शिव तांडव स्तोत्र को कंपोज करने के लिए इस्तेमाल किया गया है। एयरमार्शल एके भारती, लेफ्टिनेंट जनरल राजीव घई, वाइस एडमिरल एएन प्रमोद और मेजर जनरल एसएस शारदा ने इसके बाद भारतीय सेना की कार्रवाई पर विस्तार से जानकारी दी और कहा कि ।
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डीजीएमओ ले. जन. राजीव घई ने दी जानकारी - फोटो : अमर उजाला
नौ आतंकी शिविरों को हमले के लिए चुना गया, 100 से अधिक आतंकी ढेर
सेना के अधिकारयों ने तस्वीरों के साथ विस्तार से बताया कि स्ट्राइक से पहले के हालात कैसे थे और सेना की कार्रवाई के बाद का मंजर कैसा है। उन्होंने बताया कि भारत की जवाबी कार्रवाई के डर से कुछ आतंकी ठिकाने खाली हो गए। ऑपरेशन सिंदूर के लिए सोच-विचार कर नौ आतंकी शिविरों को हमले के लिए चुना गया। 100 से ज्यादा आतंकी मारे गए। कंधार विमान अपहरण में शामिल रऊफ अजहर जैसे हाई वैल्यू टारगेट यानी वांटेड आतंकी को भी खत्म कर दिया।

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