प्रवासी भारतीय उद्योगपति लॉर्ड स्वराज पॉल ने कहा है कि ब्रेक्जिट के बाद भारत कहीं बड़े स्तर पर ब्रिटेन का स्वाभाविक सहयोगी हो सकता है। उन्होंने कहा कि यूरोपीय संघ छोड़ने के ब्रिटेन के फैसले ने भारत एवं ब्रिटेन को एकसाथ काम करने और एक दूसरे से लाभ प्राप्त करने का एक अवसर प्रदान किया है।
कपारो ग्रुप ऑफ इंडस्ट्रीज के अध्यक्ष पॉल ने कहा, ‘‘ब्रिटेन यूरोप से बाहर हो रहा है और भारत कहीं बड़े स्तर पर ब्रिटेन का स्वाभाविक भागीदार हो सकता है, इसलिए मैं आपको ब्रिटेन को अपनी पहली पसंद के तौर पर देखने के लिये आमंत्रित करता हूं।
बीती शाम वह यहां आयोजित ‘इंडिया ऑन द ग्लोबल स्टेज’ विषय पर आधारित 17वें नेशनल कॉन्फ्रेंस ऑफ कन्फेडरेशन ऑफ रियल इस्टेट डेवलपर्स एसोसिएशन ऑफ इंडिया को संबोधित कर रहे थे।
उन्होंने कहा कि शालीन एवं सम्मानजनक तरीके से कारोबार करने के इच्छुक किसी व्यक्ति के लिये कोई प्रतिबंध नहीं है। उन्होंने कहा, ‘‘सरकार, स्थानीय काउंसिल आदि आपको तमाम सहयोग प्रदान करेंगे।
उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री बनने के बाद नरेंद्र मोदी ने दुनियाभर के देशों के साथ भारत के संबंध के लिये नया मानदंड स्थापित किया है और भारत के वैश्विक रुतबा बढ़ाया है।