फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

भारत-तंजानिया आए एक साथ: रक्षा, व्यापार और डिजिटल क्षेत्र में बढ़ेंगे साथ; किन-किन फैसलों पर बनी सहमति?

Sat, 25 Jul 2026 03:50 AM IST
प्रशांत तिवारी आईएएनएस, नई दिल्ली

सार

भारत और तंजानिया ने दार एस सलाम में आयोजित विदेश कार्यालय परामर्श के दौरान व्यापार, निवेश, रक्षा, स्वास्थ्य, कृषि, डिजिटल सार्वजनिक अवसंरचना और विकास सहयोग सहित कई महत्वपूर्ण क्षेत्रों में साझेदारी को मजबूत करने पर चर्चा की। 
विज्ञापन
भारत-तंजानिया के प्रतिनिधी - फोटो : अमर उजाला ग्राफिक्स
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

भारत और तंजानिया ने अपने द्विपक्षीय संबंधों को और मजबूत बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम बढ़ाया है। दार एस सलाम में आयोजित विदेश कार्यालय परामर्श (एफओसी) के दौरान दोनों देशों ने व्यापार, निवेश, रक्षा, स्वास्थ्य, कृषि, डिजिटल सहयोग और विकास साझेदारी समेत कई अहम मुद्दों पर विस्तार से चर्चा की। बैठक में क्षेत्रीय और वैश्विक विषयों पर भी विचार-विमर्श हुआ तथा भविष्य में सहयोग को और गति देने पर सहमति बनी।

विज्ञापन


विदेश कार्यालय परामर्श में किन अधिकारियों ने की अगुवाई?
भारतीय विदेश मंत्रालय ने शुक्रवार को बताया कि भारत और तंजानिया के बीच विदेश कार्यालय परामर्श (एफओसी) 22 जुलाई 2026 को तंजानिया के दार एस सलाम में आयोजित किया गया। इस बैठक की सह-अध्यक्षता भारत के विदेश मंत्रालय में संयुक्त सचिव (पूर्वी एशिया एवं दक्षिणी अफ्रीका) जनेश काइन और तंजानिया के विदेश मामलों एवं पूर्वी अफ्रीकी सहयोग मंत्रालय के एशिया एवं ऑस्ट्रेलिया विभाग की निदेशक फेलिस्टर रुगाम्बवा ने की।

जनेश काइन ने किन वरिष्ठ अधिकारियों से मुलाकात की?
एफओसी के दौरान जनेश काइन ने तंजानिया के विदेश मामलों एवं पूर्वी अफ्रीकी सहयोग मंत्रालय के स्थायी सचिव राजदूत डॉ. सैमवेल विलियम शेलुकिंडो से भी मुलाकात की। इस दौरान दोनों पक्षों ने आपसी सहयोग को और मजबूत बनाने के विभिन्न पहलुओं पर चर्चा की।
विज्ञापन


किन-किन क्षेत्रों में सहयोग बढ़ाने पर हुई चर्चा?
विदेश मंत्रालय के अनुसार बैठक में दोनों देशों ने अपने द्विपक्षीय संबंधों की व्यापक समीक्षा की। व्यापार और निवेश, विकास सहयोग, रक्षा एवं सुरक्षा, डिजिटल सार्वजनिक अवसंरचना (डीपीआई), कृषि, स्वास्थ्य, संस्कृति तथा लोगों के बीच संपर्क जैसे अनेक क्षेत्रों में सहयोग को और मजबूत बनाने पर विस्तार से विचार-विमर्श किया गया।

क्या संयुक्त आयोग और रक्षा समिति की बैठक जल्द होगी?
मंत्रालय ने बताया कि दोनों देशों ने आपसी सहमति से जल्द ही संयुक्त आयोग बैठक (जेसीएम) और संयुक्त रक्षा सहयोग समिति की बैठक आयोजित करने पर सहमति व्यक्त की। इसके अलावा क्षेत्रीय और अंतरराष्ट्रीय महत्व के उन मुद्दों पर भी विचार साझा किए गए, जिनमें दोनों देशों की समान रुचि है।

ये भी पढ़ें: होर्मुज में एलपीजी टैंकर पर मिसाइल हमला: 28 भारतीय सुरक्षित; दूतावास ने नाविकों की सुरक्षा को लेकर क्या कहा?
विज्ञापन


संयुक्त राष्ट्र समेत वैश्विक मंचों पर क्या बनी सहमति?
विदेश मंत्रालय के अनुसार दोनों पक्षों ने संयुक्त राष्ट्र (यूएन) और अन्य अंतरराष्ट्रीय मंचों पर एक-दूसरे के साथ बेहतर समन्वय और सहयोग की सराहना की। साथ ही यह भी तय किया गया कि विदेश कार्यालय परामर्श का अगला दौर आपसी सुविधा के अनुसार भारत में आयोजित किया जाएगा।

विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें