जीएसटी लागू होने के बाद आयकर विभाग ने करदाताओं के लिए मैन्युअल रूप से आधार कार्ड को स्थायी खाता संख्या (पैन) से जोड़ने के लिए एक फार्म जारी किया है। इससे पहले ऑनलाइन और एसएमएस के जरिये भी आधार संख्या को पैन से जोड़ा जा सकता है।
आवेदक को पैन संख्या और आधार संख्या , दोनों में उल्लेख किए गए नामों की स्पेलिंग लिखनी होगी और इस बात की लिखित उद्घोषणा करनी होगी कि आवेदन- प्रपत्र में उसने जो आधार नंबर दिया है, उसे किसी अन्य पैन कार्ड के साथ नहीं जोड़ा है।
उसे यह भी उद्घोषणा करनी होगी कि उसने फार्म में जिस पैन का उल्लेख किया है , उसके अलावा उसे कोई और पैन आवंटित नहीं किया गया है। कर विभाग के एक अधिकारी ने कहा, ‘यह प्रपत्र आधार को पैन डाटाबेस से कागज के माध्यम से जोड़ने की एक अन्य प्रक्रिया भर है।
पैन को आधार से जोड़ना एक जुलाई से जरूरी हो गया है। इसके लिए एसएमएस और ऑनलाइन सुविधा पहले से है। पैन का आवेदन करने के लिए आधार का उल्लेख करना एक जुलाई से अनिवार्य कर दिया गया है।
विभाग अब तक 2.62 आधार नंबरों को पैन के डाटाबेस के साथ जोड़ चुका है। फिलहाल 25 करोड़ से अधिक पैन कार्ड आवंटित किए गए हैं जबकि आधार कार्ड संख्या करीब 115 करोड़ लोगों को आवंटित किया जा चुका है।