मुंबई में पिछले 2 दिनों से भारी बारिश हो रही है। बारिश की वजह से हिंदमाता, चेंबूर, लोअर परेल जैसे कई इलाकों में जलभराव हो गया है। सड़कें तालाब बन गई हैं, जिससे घरों से निकलना मुश्किल हो रहा है। लोकल ट्रेन भी प्रभावित हैं। राजस्थान और उत्तराखंड में भी भीषण बारिश की वजह से जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया है। भारी बारिश की वजह से राजस्थान की शिवना, जाखम और अन्य कई नदियों का जलस्तर बढ़ने से बाढ़ का खतरा बढ़ गया और कई जगह पहले बाढ़ आ गई है। मिली जानकारी के मुताबिक उत्तराखंड के पहाड़ी इलाकों में हुई अचानक बारिश से निचले इलाकों में आफत आ गई है। नदी-नाले तमाम उफान पर आ गए हैं जिसका खामियाजा मैदानी इलाकों को भुगतना पड़ रहा है।
दक्षिण कश्मीर में बीते दो दिनों से रुक-रुककर बारिश जारी है। लगातार बारिश की वजह से इलाके की झेलम नदी का जलस्तर तेजी से बढ़ गया है। जिसके बाद स्थानीय प्रशासन ने बाढ़ का अलर्ट जारी कर दिया है और लोगों को सतर्क रहने की हिदायत दी है। लगातार बारिश की वजह से अमरनाथ यात्रा को भी रोकना पड़ा है। मूसलाधार बारिश के कारण बालटाल मार्ग पर जगह-जगह होने वाले भूस्खलन से शुक्रवार को इस मार्ग से अमरनाथ यात्रा निलंबित रही। लगातार हो रही बारिश से कश्मीर घाटी में पैदा हुये बाढ़ जैसे संकट से निपटने के लिए राज्यपाल एन एन वोहरा ने आपातकालीन बैठक बुलाई है।
मौसम विभाग ने तटीय और दक्षिणी कर्नाटक, महाराष्ट्र का कोंकण, गोवा, केरल, पूर्वी और पश्चिमी राजस्थान, अरुणाचल प्रदेश, असम, मेघालय, बंगाल, सिक्किम, उत्तराखंड, हरियाणा, पंजाब, दिल्ली, हिमाचल, जम्मू-कश्मीर, पश्चिमी मध्य प्रदेश, उत्तरी गुजरात, तेलंगाना में भारी बारिश का अलर्ट जारी किया है। स्काइमेट के मौसम विशेषज्ञों का आंकलन है कि बारिश की गतिविधियां शुरू होने के बाद परिदृश्य मॉनसून 2018 के आगमन लिए अनुकूल बन गया है।
मॉनसून के दौरान भारतीय मौसम विभाग अलग-अलग रंग में चेतावनी जारी करता है। इनमें एक होती है ऑरेंज चेतावनी। इस अलर्ट का मतलब है कि इन इलाकों में भयंकर बारिश होने की संभावना है। यहां रहने वालों को अपने स्तर पर तैयार रहना चाहिए। बारिश के दौरान या उसके बाद यहां के हालात बिगड़ सकते हैं। रेड अलर्ट में वार्निंग दी जाती है और एक्शन शुरू हो जाता है। वहीं, ऑरेंज अलर्ट की स्थिति में अलर्ट जारी किया जाता है कि उन इलाकों के लोग किसी भी स्थिति से निपटने के लिए तैयार रहें।
जानें आगामी 24 घंटों का मौसमी पूर्वानुमान
स्काइमेट के मौसम विशेषज्ञों ने कहा है कि अगले 24 घंटों के दौरान, मॉनसून की अक्षीय रेखा उत्तर की ओर बढ़ेगी, जिसके चलते उत्तरी राज्यों में वर्षा की गतिविधि बढ़ जाएंगी। उत्तरी पहाड़ियों में मध्यम से भारी बारिश होगी। पंजाब, हरियाणा, उत्तर प्रदेश, बिहार, झारखंड और उप-हिमालयी पश्चिम बंगाल और सिक्किम समेत पूर्वोत्तर राज्यों के कई हिस्सों में मौसमी गतिविधि बढ़ेगी। राजस्थान के मध्य भारत में बारिश की गतिविधि में कमी आ जाएगी है।
एक, दो और 3 जुलाई को यहां-यहां होगी बारिश
मौसम विभाग द्वारा जारी चेतावनी के अनुसार एक जुलाई को उत्तराखंड और पूर्वी उत्तर-प्रदेश में भारी से भारी बारिश जबकि बिहार, हरियाणा, चंडीगढ़, दिल्ली, हिमाचल प्रदेश, पश्चिम बंगाल, सिक्किम और तटिय कर्नाटक में भारी बारिश की चेतावनी जारी कई गई है। जबकि देश के अलग-अलग हिस्सों में 2 जुलाई को भी मौसम की मार देखने को मिल सकती है।
मौसम विभाग के अनुसार 2 जुलाई को अरुणाचल प्रदेश, नगालैंड, मणिपुर, मिजोरम, बिहार, पंजाब, हिमाचल प्रदेश, कोंकण गोवा और तटिय कर्नाटक में भारी की आशंका जताई गई है। 3 जुलाई को देश के असम, मेघालय, पश्चिम बंगाल, नगालैंड, त्रिपुरा, बिहार, पंजाब, जम्मू-कश्मीर और ओड़िशा राज्यों में भारी बारिश की संभावना जताई जा रही हैं।