मुजफ्फर नगर में खुब्बापुर थप्पड़ कांड की आज सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई होगी। बेसिक शिक्षा विभाग ही पढ़ाई का खर्च उठा रहा है। खुब्बापुर स्थित नेहा पब्लिक स्कूल में शिक्षिका तृप्ता त्यागी ने एक अल्पसंख्यक समुदाय के छात्र की पहाड़ा न सुनाने पर उसके सहपाठियों से थप्पड़ लगवाए थे। जिसकी वीडियो वायरल हो हुआ था और मामले ने तूल पकड़ लिया था। राष्ट्रपिता महात्मा गांधी के पोते तुषार गांधी ने सुप्रीम कोर्ट में याचिका दाखिल की थी, जिस पर सुनवाई चल रही है। इस मामले में शुक्रवार को सुनवाई होगी।
मुजफ्फरनगर के जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी संदीप कुमार चौहान ने बताया कि सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद शारदेन पब्लिक स्कूल को पत्र भेजे गए है, लेकिन उन्होंने अभी तक पीड़ित छात्र को निशुल्क पढ़ाने पर सहमति नहीं जताई है।
उन्होंने कहा कि फिलहाल विभाग की पीड़ित छात्र की फीस दे रहा है। हालांकि अभी एक ट्रस्ट भी उनके संपर्क में आया है, जो पीड़ित छात्र को गोद लेने के लिए तैयार है। उनसे बातचीत जाती है। जल्द ही समाधान किया जा जाएगा।
कक्षा तीन में पढ़ रहा पीड़ित छात्र
बीएसए ने बताया कि छात्र नए सत्र 2024-25 में कक्षा तीन में आया है, जिसके लिए नई किताबें भी छात्र को दिला दी गई हैं। इसकी पूरी रिपोर्ट प्रेषित की जाएगी। हालांकि, अभी तक एनजीओ की व्यवस्था नहीं हो सकी है। एनजीओ मिलते ही कोर्ट में उसका बायोडाटा भी पेश करना होगा। उन्होंने कहा कि पीड़ित छात्र शहर के ही शारदेन स्कूल में कक्षा तीन में पढ़ाई कर रहा है