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स्वास्थ्य मंत्रालय: दिसंबर तक होगी देश के पास 216 करोड़ खुराकें 

Sun, 06 Jun 2021 07:29 AM IST
Kuldeep Singh अमर उजाला ब्यूरो, नई दिल्ली

सार

  • बायोलॉजिकल-ई के टीके की सरकार ने 30 करोड़ खुराक आरक्षित की हैं।
  • सीरम इंस्टीट्यूट ऑफ इंडिया ने दिसंबर तक 20 करोड़ खुराक देने का वादा किया है।
  • दिसंबर तक 216 करोड़ खुराक मिलकर सभी कंपनियां कराएंगी उपलब्ध
  • स्पूतनिक-वी भारत की छह कंपनियां कर रही हैं तैयार।
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कोरोना वैक्सीन - फोटो : social media
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विस्तार
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सरकार का दावा है कि इस साल के आखिर तक टीकाकरण पूरा किया जा सकता है। इस दावे को लेकर विशेषज्ञों ने भी सवाल खड़ा करते हुए कहा कि पहले सरकार से एक नहीं कई गलती हुई हैं और अब ऐसी बयानबाजी केवल हवा हवाई से कम नहीं है। 

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नई-नई वैक्सीन का गणितीय आकलन कर सरकार कर रही दिसंबर तक टीकाकरण पूरा करने का दावा 
मंत्रालय के वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि सरकार इसलिए दावा कर रही है क्योंकि अभी पांच से सात टीके परीक्षण की स्थिति में हैं। तीन से चार टीके जुलाई तक परीक्षण की स्थिति से बाहर आने वाले हैं। इसके अलावा अगस्त से उत्पादन भी बढ़ जाएगा और दिसंबर तक 216 करोड़ खुराक मिलकर सभी कंपनियां उपलब्ध कराएंगी।

सीरम इंस्टीट्यूट ऑफ इंडिया ने दिसंबर तक 20 करोड़ खुराक देने का वादा किया है। भारत की एकमात्र एमआरएनए टीका जेनोवा कंपनी तैयार कर रही है जो फरवरी तक आ सकती है। भारत बायोटेक ने नाक से दी जाने वाली मशीन पर काम शुरू कर दिया है। जायडस कैडिला की वैक्सीन का परीक्षण पूरा हो चुका है।
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बायोलॉजिकल-ई के टीके की सरकार ने 30 करोड़ खुराक आरक्षित की हैं। इनके अलावा स्पूतनिक-वी भारत की छह कंपनियां तैयार कर रही हैं।

सरकार की क्या है रणनीति?
वर्तमान स्थिति को देखने के बाद दिसंबर तक सभी लोगों को वैक्सीन लगाने का दावा भरोसेमंद नहीं है। सरकार को यह भी बताना चाहिए कि यह सब होगा कैसे? क्या रणनीति बनाई है? ऐसे कुछ भी दावा करना समझ से परे है। -- डॉक्टर चंद्रकांत लहरिया, पब्लिक हेल्थ पॉलिसी विशेषज्ञ

अब तक के फैसले रहे गलत
नवंबर और दिसंबर 2020 में कई बैठक के बाद भी सरकार ने टीका उत्पादन पर काम नहीं किया। खुराकें नहीं बनवाई थी।  टीको की कमी होने के बाद भी मई से युवाओं को मौका दिया। यह सब उचित फैसले नहीं थे। -- डॉक्टर दिव्येंदु वर्मा, टीकाकरण विशेषज्ञ

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