वहीं, इस बैठक में डब्ल्यूएचओ ने आवश्यक स्वास्थ्य सेवाएं बनाए रखने और महमारी से प्रभावित स्वास्थ्य सुविधाओं को बहाल करने में तेजी लाने की अपील की। संगठन की दक्षिण पूर्व एशिया की क्षेत्रीय निदेशक डॉ. पूनम खेत्रपाल सिंह ने कहा कि पिछली बीमारियों के फैलने से पता चलता है कि आवश्यक सेवाओं में बाधा बीमारी से ज्यादा खतरनाक है। बता दें कि महामारी के कारण दक्षिण-पूर्व एशिया क्षेत्र में स्वास्थ्य व्यवस्था पर काफी दबाव पड़ा है।
उन्होंने कहा, हमें प्रयास तेज करने चाहिए और जो हो रहा है उससे बचने के लिए हरसंभव कोशिश करनी चाहिए। इसके साथ ही कोविड-19 के संचार की श्रृखंला को तोड़ने का प्रयास जारी रखना चाहिए।’ उन्होंने कहा कि कोविड-19 फैलने के बाद से ही स्वास्थ्यकर्मियों के काम को बदलने, चुनिंदा सेवाओं को बंद करने, बाह्य रोगी सेवा बंद करने, अपर्याप्त निजी सुरक्षा उपकरण और इलाज की नीति में बदलाव लाने से आवश्यक सेवाओं पर बुरा असर पड़ा है।