गुजरात के महिसागर जिले में एक सहायक उप-निरीक्षक (एएसआई) सहित पांच पुलिसकर्मियों को गिरफ्तार किया गया है। इन सभी पर एक थाने से 1.97 लाख रुपये की जब्त शराब की बोतलें और पंखे चुराने का आरोप है।
पुलिस उपाधीक्षक पी.एस. वलवी ने बताया कि शराब की बोतलें और पंखे खानपुर तालुका के बकोर थाने में महिलाओं की हवालात में रखे गए थे। पुलिस अधिकारी ने बताया कि बकोर पुलिस ने एक व्यक्ति से भारत निर्मित विदेशी शराब की 482 बोतलें और 75 टेबल फैन जब्त किए थे।
आरोपी व्यक्ति पंखों के बक्सों के पीछे छिपाकर गुजरात में शराब की तस्करी करने की कोशिश कर रहा था। चूंकि ऐसी वस्तुओं को रखने के लिए निर्धारित कमरा पूरा भरा हुआ था, इसलिए उन्हें महिला हवालात में रखा गया था।
सफाई के दौरान मिले डिब्बे
वरिष्ठ अधिकारियों के आगामी निरीक्षण दौरे के मद्देनजर, पुलिस कर्मियों को जब्त वस्तुओं के रिकॉर्ड को अद्यतन करने और पुलिस स्टेशन को साफ करने के लिए कहा गया। अधिकारी ने बताया कि हवालात की सफाई के दौरान आईएमएफएल की बोतलों और पंखों के खाली या टूटे हुए डिब्बे दिखे।
वाल्वी ने कहा, निरीक्षण से पता चला कि 1.57 लाख रुपये की 125 आईएमएफएल बोतलें और 40,500 रुपये के 15 पंखे गायब थे, जिसके बाद 13 नवंबर को पहली सूचना रिपोर्ट दर्ज की गई थी। एफआईआर में कहा गया है कि सीसीटीवी फुटेज से पता चला है कि एएसआई अरविंद खांट ने 25 अक्तूबर की रात को चोरी की घटना को अंजाम दिया था जब वह पुलिस स्टेशन अधिकारी के रूप में ड्यूटी पर थे।
सीसीटीवी कैमरे भी कर दिए थे बंद
फुटेज में खांट को हेड कांस्टेबल ललित परमार के साथ रात करीब 10 बजे लॉक-अप में प्रवेश करते और कुछ शराब की बोतलें लेकर बाहर आते हुए दिखाया गया है। खांट ने कथित तौर पर कुछ देर के लिए सीसीटीवी कैमरे भी बंद कर दिए।
परमार और तीन अन्य पुलिसकर्मियों को भारतीय दंड संहिता की धारा 380 (चोरी) और अन्य प्रासंगिक अपराधों के तहत गिरफ्तार किया गया था। उपाधीक्षक वलवी ने कहा कि छठा आरोपी, एक स्थानीय व्यक्ति जिसने कथित तौर पर उनकी मदद की थी।