2008 में हुए परिसीमन के बाद ये सीट अस्तित्व में आई थी। इस सीट पर अब तक हुए तीन चुनाव में तीनों बार सत्ताधारी पार्टी भाजपा ने ही बाजी मारी है। 2017 में कांग्रेस व भाजपा उम्मीदवारों के अलावा बाकी बचे 12 उम्मीदवारों की जमानत जब्त हो गई थी।
गुजरात विधानसभा चुनाव के नतीजे आ चुके हैं। इस बार भारतीय जनता पार्टी ने नया रिकॉर्ड बना दिया है। 182 विधानसभा सीटों वाले गुजरात में भाजपा के 156 प्रत्याशी चुनाव जीत गए। कांग्रेस को सबसे ज्यादा नुकसान उठाना पड़ा। कांग्रेस 77 सीटों से सीधे 17 पर आ गई। मतलब कांग्रेस को 60 सीटों का नुकसान उठाना पड़ा। वहीं, इस बार सरकार बनाने का दावा करने वाली आम आदमी पार्टी के केवल पांच प्रत्याशी ही चुनाव जीत पाए। एक सीट पर सपा उम्मीदवार विजयी हुए तो बाकी तीन सीटें निर्दलीय उम्मीदवारों ने जीतीं।
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कच्छ जिले की गांधीधाम सीट अनुसूचित जाति के लिए आरक्षित है। अबकी बार यहां सत्ताधारी पार्टी भाजपा ने जीत का परचम लहराया है। यहां से भाजपा ने अपने मौजूदा विधायक मालतीबेन माहेश्वरी को उम्मीदवार बनाया था। उन्होंने कांग्रेस के भरत सोलंकी को 37,831 वोटों से हरा दिया।
पाकिस्तान सीमा से सटे कच्छ जिले की गांधीधाम सीट 2008 में हुए परिसीमन के बाद यह सीट अस्तित्व में आई। इस सीट पर अब तक हुए तीन चुनाव में तीनों बार भाजपा ने ही बाजी मारी है।
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2017 में भाजपा को लगातार दूसरी जीत मिली थी
2017 के विधानसभा चुनाव में इस सीट से भाजपा ने तत्कालीन विधायक रमेश माहेश्वरी की जगह मालती माहेश्वरी को मैदान में उतारा था। भाजपा उम्मीदवार मालती माहेश्वरी ने कांग्रेस के गंगजी भाई किशोर को 20 हजार वोटों से हराया। इस सीट पर भाजपा की ये लगातार दूसरी जीत थी। इस चुनाव में कुल 14 उम्मीदवार मैदान में थे। कांग्रेस व भाजपा उम्मीदवारों के अलावा बाकी 12 उम्मीदवारों की जमानत जब्त हो गई थी। गांधीधाम सीट पर 2012 में पहली बार चुनाव हुए थे जिसमें भाजपा को जीत हासिल हुई थी। भाजपा उम्मीदवार रमेश माहेश्वरी ने कांग्रेस की जयश्री बेन चावड़ा को 21 हजार वोटों से हराया था।
14 वीं विधानसभा में सबसे कम उम्र की विधायक थीं मालती
2017 में अपने राजनीतिक जीवन की शुरुआत करने वाली मालती माहेश्वरी 14वीं विधानसभा में सबसे कम उम्र की विधायक थीं। 2022 चुनाव के लिए भी भाजपा ने उन्हें अपना उम्मीदवार घोषित किया था। वहीं, कांग्रेस ने कच्छ जिला कांग्रेस एससी मोर्चा के अध्यक्ष भरत सोलंकी को टिकट दिया था। सोलंकी एक मिठाई कारोबारी के रूप में जाने जाते हैं। इस सीट पर एक दिसंबर को पहले चरण में मतदान हुआ था। नतीजे आठ दिसंबर को आए।
2017 में कच्छ जिले में भाजपा ने जीती थी चार सीटें
गांधीधाम सीट, कच्छ जिले के अंतर्गत आने वाली छह सीटों में से एक है। 2017 में जिले की छह में से चार सीटों पर भाजपा को जीत मिली थी। वहीं, कांग्रेस सिर्फ दो सीट पर ही जीत दर्ज करने में सफल रही थी।