अफ्रीका के जाम्बिया से लौटने के कुछ दिनों बाद गुजरात के वडोदरा शहर के एक बुजुर्ग दंपति को कोरोना वायरस के नए ओमिक्रॉन स्ट्रेन से संक्रमित पाया गया है। अधिकारियों ने शुक्रवार को यह जानकारी दी।
इन दो ताजा मामलों के आने के बाद अब गुजरात में ओमिक्रॉन से संक्रमितो की संख्या सात तक पहुंच गई है, जिनमें से तीन मरीजों को अस्पताल से छुट्टी दे दी गई है। वडोदरा नगर निगम के स्वास्थ्य के चिकित्सा अधिकारी डॉ देवेश पटेल ने कहा, विशेष रूप से इस तथ्य के बावजूद कि जाम्बिया ओमिक्रॉन जैसे वायरस के चलते गैर-उच्च जोखिम देश है, वहां से आए दंपत्ति में ओमिक्रॉन पाया गया है।
उन्होंने कहा कि एक 75 वर्षीय व्यक्ति और उसकी 67 वर्षीय पत्नी, जो फतेहपुरा इलाके में रहते हैं, 7 दिसंबर को पूर्वी अफ्रीकी देश से वडोदरा पहुंचे थे। पटेल ने कहा कि हालांकि दोनों में कोरोना वायरस के कोई लक्षण नहीं थे, लेकिन वे अपने रिश्तेदारों के आग्रह पर आरटी-पीसीआर परीक्षण के लिए गए थे।
पटेल ने कहा, उन दोनों की 12 दिसंबर को कोरोना टेस्ट कराने पर पॉजीटिव रिपोर्ट आई थी। हमने एहतियात के तौर पर उन्हें उनके घर पर क्वारंटीन कर दिया और जीनोम सीक्वेसिंग के लिए उनके नमूने गांधीनगर प्रयोगशाला में भेज दिए हैं।
चिकित्सा अधिकारी ने कहा कि शुक्रवार रात गुजरात जैव प्रौद्योगिकी अनुसंधान केंद्र (जीबीआरसी), गांधीनगर ने वीएमसी को सूचित किया कि दोनों कोविड-19 के ओमिक्रॉन स्ट्रेन से संक्रमित थे।
पटेल ने कहा कि परीक्षण के लिए उनके करीबी संपर्कों का पता लगाया जा रहा है। वर्तमान में सूरत में एक व्यवसायी और मेहसाणा में एक महिला स्वास्थ्य कार्यकर्ता, दोनों ओमिक्रॉन से संक्रमित हैं जिन्हें क्वारंटीन किया गया है।
जामनगर के तीन व्यक्तियों, जिनमें जिम्बाब्वे के एक एनआरआई व्यक्ति और उनकी पत्नी शामिल हैं, जो गुजरात में आने के बादओमिक्रॉन से संक्रमित पाए गए थे, जिन्हें अब ठीक होने के बाद अस्पताल से छुट्टी दे दी गई है। डब्ल्यूएचओ द्वारा ओमिक्रॉन वैरिंएट के प्रकार का पहली बार पिछले महीने दक्षिणी अफ्रीका में पता चला था।