पटेल के नेतृत्व में एक उच्च स्तरीय प्रतिनिधिमंडल अगले साल जनवरी में होने वाले प्रमुख व्यापार शिखर सम्मेलन को बढ़ावा देने के लिए रविवार सुबह टोक्यो पहुंचा। प्रतिनिधिमंडल 26 नवंबर से दो दिसंबर के बीच जापान और सिंगापुर की यात्रा पर है।
पटेल और उनके साथ आए प्रतिनिधिमंडल ने सोमवार को टोक्यो में जापान एक्सटर्नल ट्रेड ऑर्गनाइजेशन (जेट्रो) के अध्यक्ष सुसुमु कटाओका से मुलाकात की और गुजरात में जापानी निवेशकों को आकर्षित करने में संगठन की भूमिका पर चर्चा की। विज्ञप्ति में कहा गया है कि मुख्यमंत्री ने गुजरात में अपना कारोबार शुरू करने की इच्छुक जापानी कंपनियों का मार्गदर्शन करने के लिए हाल ही में अहमदाबाद में अपना बिजनेस सपोर्ट सेंटर खोलने के लिए जेट्रो की सराहना की।
पटेल ने कटाओका को बताया कि गुजरात के साथ जेट्रो की साझेदारी राज्य को सेमीकंडक्टर, हरित प्रौद्योगिकी, थोक दवाओं, चिकित्सा उपकरणों, सिरेमिक और कपड़ा जैसे विभिन्न क्षेत्रों में नए निवेश को आकर्षित करने में मदद कर सकती है। जेट्रो के पदाधिकारियों ने भी गुजरात की विकास यात्रा में गहरी दिलचस्पी दिखाई और कहा कि वे गुजरात के साथ अपने संबंधों को मजबूत करने के लिए उत्सुक हैं। विज्ञप्ति में कहा गया है कि मुख्यमंत्री ने कटाओका और अन्य को गांधीनगर में होने वाले वाइब्रेंट शिखर सम्मेलन में भाग लेने के लिए औपचारिक रूप से आमंत्रित किया।
बाद में, प्रतिनिधिमंडल बुलेट ट्रेन से योकोहामा शहर गया और टोक्यो के गवर्नर युरिको कोइके के साथ बैठक की। विज्ञप्ति के अनुसार पटेल ने उन्हें भारत और जापान के बीच संबंधों को मजबूत करने में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा निभाई जा रही भूमिका के बारे में बताया। पटेल ने कहा, 'गुजरात में करीब 350 जापानी कंपनियां काम कर रही हैं।' उन्होंने जोर देकर कहा कि गुजरात और जापान स्मार्ट सिटी और सतत शहरी विकास क्षेत्रों में मिलकर काम कर सकते हैं।
पटेल ने इस बात पर प्रकाश डाला कि आगामी वाइब्रेंट शिखर सम्मेलन उस दिशा में समझौतों को अंतिम रूप देने के लिए एक आदर्श अवसर साबित होगा और कोइके को अगले साल मेगा कार्यक्रम में भाग लेने के लिए आमंत्रित किया।