पीएम गरीब कल्याण योजना के तहत 10 हजार करोड़ रुपये की अतिरिक्त व्यवस्था की गई है। इसका इस्तेमाल मनरेगा या ग्राम सड़क योजना के लिए किया जा सकेगा। इससे ग्रामीण अर्थव्यवस्था को फायदा मिलेगा।
डेट फाइनेंसिंग में 6000 करोड़ रुपये का निवेश
सरकार एनआईआईएफ के डेट प्लेटफॉर्म में 6000 करोड़ रुपये इक्विटी के रूप में निवेश करेगी।
निर्यात बढ़ाने की दिशा में उठाया ये कदम
देश में निर्यात को बढ़ावा देने के लिए सरकार एक्जिम बैंक को लाइन ऑफ क्रेडिट देगी। इसके तहत एक्जिम बैंक को 3000 करोड़ रुपये लाइन ऑफ क्रेडिट के रूप में दिए जाएंगे।
कोविड वैक्सीन के लिए 900 करोड़ रुपये
कोविड वैक्सीन के शोध के लिए कोविड सुरक्षा मिशन के तहत डिपार्टमेंट ऑफ बायोटेक्नोलॉजी को 900 करोड़ रुपये आवंटित किए जाएंगे। ताकि वैक्सीन पर शोध किया जा सके। यह खर्च स्वास्थ्य मंत्रालय के अतिरिक्त होगा।
स्वास्थ्य सेक्टर और 26 अन्य सेक्टरों के लिए क्रेडिट गारंटी स्कीम
कोरोना वायरस महामारी के चलते दबाव में चल रहे स्वास्थ्य सेक्टर और 26 अन्य सेक्टरों के लिए क्रेडिट गारंटी स्कीम लॉन्च की है। वित्त मंत्री ने कहा कि कामत समिति की सिफारिश के आधार पर 26 दबावग्रस्त क्षेत्रों की पहचान की गई है। इसमें स्वास्थ्य क्षेत्र को भी शामिल किया गया है। इन क्षेत्रों के लिए ईसीएलजीएस स्कीम 2.0 शुरू की जा रही है। एमएसएमई सेक्टर को भी इसका फायदा मिलेगा। इसमें मूलधन चुकाने के लिए पांच साल का समय दिया गया है। इसमें कर्जधारक कंपनियों को एक साल तक 50 करोड़ से 500 करोड़ रुपये तक का मोरेटोरियम दिया जाएगा। यह योजना 31 मार्च 2021 तक लागू रहेगी।
प्रोडक्शन लिंक्ड इनसेंटिव योजना की शुरुआत
सरकार ने घरेलू विनिर्माण को बढ़ावा देने के लिए दूरसंचार, वाहन और औषधि समेत 10 क्षेत्रों के लिए 1.46 लाख करोड़ रुपये की प्रोडक्शन लिंक्ड इनसेंटिव योजना की शुरुआत की। इससे रोजगार और घरेलू विनिर्माण को बढ़ावा मिलेगा। पहले इस योजना को तीन क्षेत्रों में शुरू किया गया था।