गोवा क्राइम ब्रांच ने गुरुवार (13 नवंबर, 2025) को कहा कि पैसों के बदले नौकरी घोटाले की आरोपी पूजा नाइक की ओर से लगाए गए आरोपों की सावधानी के साथ जांच की जा रही है। क्राइम ब्रांच की ओर से ये भी कहा गया कि दावों को यूं ही सच नहीं माना जा सकता है।
आरोपी पूजा नाइक ने दावा किया था कि करोड़ों के इस कथित घोटाले में राज्य सरकार के एक मंत्री और दो सरकारी अधिकारी शामिल हैं। इन दावों के बाद मुख्यमंत्री प्रमोद सावंत के नेतृत्व वाली सरकार के खिलाफ विपक्ष हमलावर हो गया है। पुलिस अधीक्षक (क्राइम ब्रांच) राहुल गुप्ता ने मीडिया से बातचीत में कहा कि इस मामले में जांच जारी है.
पुलिस अधीक्षक ने कहा, ''नाइक के कुछ आरोप प्रथम दृष्टया मौजूद साक्ष्यों से मेल नहीं खा रहे हैं। हालांकि इसकी गहन जांच की जरूरत है। क्राइम ब्रांच की ओर से दर्ज हुए बयानों की जांच की जा रही है, जिसके बाद भविष्य में कार्रवाई का फैसला तय किया जाएगा।'' उन्होंने कहा कि पूजा नाइक की ओर से लगाए गए आरोपों को गंभीरता से नहीं लिया सकता है।
कथित घोटाले की आरोपी पूजा नाइक बीते साल गिरफ्तार हुई थी और फिलहाल जमानत पर जेल से बाहर है। बीते हफ्ते नाइक ने सोशल मीडिया में एक वीडियो पोस्ट कर आरोप लगाए थे कि करोड़ों के इस घोटाले में राज्य सरकार के एक मंत्री और दो अन्य अधिकारी शामिल हैं।
आरोपी नाइक ने बिना किसी का नाम लिए वीडियो में दावा किया कि वह पीड़ितों से एक मंत्री, एक आईएएस अधिकारी और एक इंजीनियर की ओर से पैसे इकट्ठा कर रही थी। पुलिस अधीक्षक ने कहा कि कथित नौकरी घोटाले से जुड़ा नाइक का नौ नवंबर का एक वीडियो सोशल मीडिया पर प्रसारित हो रहा है। इस वीडियो में दावा किया गया है कि सरकारी नौकरियों के लिए 2019 से 2022 के बीच में नाइक ने दो अधिकारियों को 17.68 करोड़ रुपये दिए।
पुलिस की ओर से कहा गया कि अपने पहले के बयान में नाइक ने किसी भी सरकारी अधिकारी की भूमिका के बारे में कुछ भी नहीं कहा था। क्राइम ब्रांच ने नाइक को दो बार समन भेजकर पूछताछ की है। इस दौरान उनके बयान विस्तार से दर्ज किए गए हैं। ये पूछताछ करीब पांच घंटों तक चली थी।
राहुल गुप्ता ने कहा कि नौकरी घोटाले के सैकड़ों पीड़ितों से नाइक की ओर से पैसे लेने की जांच पुलिस कर रही है। उन्होंने बताया, ''इनमें से एक आरोप है कि पणजी की पीडीए कॉलोनी के एक फ्लैट में ये लेन-देन हुआ था। हमने फ्लैट मालिक से पड़ताल की तो सामने आया कि 2019 से उस जगह होटल मैनेजमेंट के छात्र रह रहे थे।''