सोशल डेमोक्रेटिक पार्टी ऑफ इंडिया
केरल के कोझिकोड़ में मुस्लिम संगठन विरोध प्रदर्शन कर रहे हैं। संगठन इसलिए नाराज है क्योंकि स्कूल के नाटक के दौरान एक लड़की ने अजान पढ़ी। इस्लाम में नमाज से पहले यह प्रार्थना की जाती है। इसे पुरुष मुकरी या मोअज्जिन ही पढ़ते हैं। प्रदर्शकारियों का कहना है कि नाटक किताभ ने मुस्लिमों की जिंदगी की बेइज्जती की है।
मेमूंडा हायर सेकेंडरी स्कूल के छात्रों ने इस नाटक का प्रदर्शन किया था। यह नाटक लेखक आर उन्नी की कहानी पर आधारित था। बुधवार को यह नाटक वडाकारा में आयोजित जिला स्कूल आर्ट्स फेस्टिवल के दौरान प्रदर्शित किया गया। नाटक में मुकरी की बेटी कहती है कि वह अपने पिता की तरह अजान पढ़ना चाहती है। उसके पिता पहले मना कर देते हैं हालांकि बाह में वह उसे अजान पढ़ने की इजाजत दे देते हैं।
सोशल डेमोक्रेटिक पार्टी ऑफ इंडिया (एसडीपीआई) के सदस्यों ने नाटकस्थल पर मार्च की। पार्टी के स्थानीय नेता सलीम पी अज्हीयूर ने कहा, 'इस नाटक को सामाजिक आलोचना नहीं माना जा सकता। इसके जरिए मुस्लिमों की जिंदगी की बेइज्जती की गई है। हमने शिक्षा उप निदेशक के पास एक शिकायत जमा करवाई है। मेमूंडा स्कूल को सीपीएम चलाता है और इस नाटक के जरिए पार्टी का एजेंडा साफ हो गया है। यह मुस्लिम समुदाय के बारे में गलत संदेश भेजता है।'
इस मामले पर स्कूल के अध्यापक पीके श्रीधरन ने कहा कि नाटक लैंगिक समानता को लेकर कई सवाल उठाता है। उन्होंने कहा, 'हमें समझ नहीं आता है कि वह हमारी पार्टी के खिलाफ विरोध क्यों कर रहे हैं। थिएटर आमतौर पर संवेदनशील धार्मिक मुद्दों को उठाता रहा है।'