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पार्टी फंड और पद के नाम पर लिए 82.63 लाख: पद दिलाने का किया था वादा, जानें महिला ने कैसे खेला ठगी का पूरा खेल

Tue, 29 Sep 2026 02:24 AM IST
हिमांशु सिंह चंदेल न्यूज डेस्क, अमर उजाला, रायपुर

सार

छत्तीसगढ़ में एक महिला पर राष्ट्रीय राजनीतिक पार्टी में महत्वपूर्ण पद दिलाने का झांसा देकर बिलासपुर के एक सलाहकार से 82.63 लाख रुपये लेने का आरोप लगा है। पुलिस ने महिला को गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में भेज दिया है। आरोप है कि पैसे पार्टी फंड, संगठन में शामिल कराने और दस्तावेजों के नाम पर लिए गए। लेकिन महिला की शिकायतकर्ता से पहचान कैसे हुई? रकम कहां-कहां भेजी गई और पुलिस को जांच में क्या मिला?
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ठगी - फोटो : अमर उजाला ग्राफिक्स
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विस्तार
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छत्तीसगढ़ के बिलासपुर में राजनीतिक पार्टी में बड़ा पद दिलाने का झांसा देकर 82.63 लाख रुपये से ज्यादा की कथित ठगी का मामला सामने आया है। पुलिस ने इस मामले में 34 वर्षीय महिला को गिरफ्तार किया है। आरोप है कि महिला ने खुद को एक राष्ट्रीय राजनीतिक पार्टी की कार्यकर्ता बताया और केंद्र व राज्य के वरिष्ठ नेताओं से करीबी संबंध होने का दावा किया। उसने शिकायतकर्ता को पार्टी में महत्वपूर्ण पद दिलाने का भरोसा देकर अलग-अलग मदों में पैसे लिए। पुलिस के मुताबिक आरोपी महिला का पहले से भी आपराधिक मामलों से संबंध रहा है।

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बिलासपुर निवासी सलाहकार चेतन आनंद दुबे की शिकायत के मुताबिक उनकी 2025 में सोशल मीडिया के जरिए महिला से पहचान हुई थी। शुरुआत में महिला ने जमीन से जुड़े विवाद को सुलझाने में मदद करने की बात कही, जिससे दुबे का उस पर भरोसा बढ़ गया। इसके बाद उसने दुबे की बेरोजगारी और राजनीति में रुचि को देखते हुए राष्ट्रीय राजनीतिक पार्टी में महत्वपूर्ण पद दिलाने का कथित प्रस्ताव दिया। पुलिस के अनुसार इसके बाद पार्टी फंड, संगठन में शामिल कराने और दस्तावेज तैयार कराने समेत अलग-अलग वजहों से रकम ली गई। कुल 82,63,194 रुपये लेने का आरोप है।

पार्टी में पद दिलाने के नाम पर महिला ने पैसे कैसे लिए?
पुलिस के मुताबिक आरोपी ने शिकायतकर्ता से ली गई रकम का कुछ हिस्सा अपने परिचितों के बैंक खातों में ट्रांसफर कराया, जबकि कुछ पैसे नकद लिए गए। जब वादा किया गया राजनीतिक पद नहीं मिला तो दुबे ने अपनी रकम वापस मांगी। आरोप है कि इसके बाद महिला ने उन्हें धमकी दी और लगातार संपर्क करने या पैसे वापस मांगने पर झूठे मामलों में फंसाने की धमकी भी दी। शिकायत मिलने के बाद सरकंडा पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता की धारा 318(4) के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू की।
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पुलिस ने आरोपी महिला को कहां से गिरफ्तार किया और क्या मिला?
मामले की जांच के लिए पुलिस की विशेष टीम मनेंद्रगढ़-चिरमिरी-भरतपुर जिले के झगराखंड और खोंगापानी इलाके में पहुंची। स्थानीय पुलिस की मदद से टीम ने झगराखंड-खोंगापानी क्षेत्र स्थित महिला के घर से उसे हिरासत में लिया। पुलिस ने उसके पास से एक मोबाइल फोन, आधार कार्ड और शिकायतकर्ता से जुड़े दस्तावेज व बायोडाटा बरामद किए। जांच के दौरान कथित आपराधिक गतिविधियों से जुड़े साक्ष्य मिलने के बाद मामले में भारतीय न्याय संहिता की धारा 119(1) भी जोड़ी गई। इसके बाद आरोपी को बिलासपुर की अदालत में पेश किया गया, जहां से उसे न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया।

महिला पर पहले भी किन मामलों में केस दर्ज रहे हैं?
पुलिस के अनुसार महिला के खिलाफ पहले भी कई मामले दर्ज रहे हैं। इनमें 2023 में झगराखंड थाने में भारतीय दंड संहिता की धारा 294, 34 और 341 के तहत दर्ज मामला शामिल है। इसके अलावा उस पर धारा 384 यानी जबरन वसूली का मामला और छत्तीसगढ़ जुआ प्रतिषेध अधिनियम के तहत दो मामले भी दर्ज बताए गए हैं। रायपुर के सिविल लाइंस थाने में भी 2021 में भारतीय दंड संहिता की धारा 384 के तहत एक अलग मामला दर्ज हुआ था। मौजूदा मामले में महिला पर लगाए गए आरोपों की जांच और न्यायिक प्रक्रिया जारी है।

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