नायडू की यह टिप्पणी बजट सत्र के दूसरे भाग में हिंडनबर्ग-अडानी मामले में जेपीसी की मांग को लेकर लगातार हंगामे के बाद आई है। अडानी के मुद्दे और ब्रिटेन में लोकतंत्र पर राहुल गांधी की टिप्पणी को लेकर विपक्षी दल और भाजपा आमने-सामने थे।
पूर्व उपराष्ट्रपति एम वेंकैया नायडू ने बुधवार को विजयनगरम के राजम स्थित जीएमआर कॉलेज में कहा, बीते कुछ दिनों में देश ने विधानसभाओं और संसद में कई नेताओं को असभ्य व्यवहार करते देखा है। वे एक-दूसरे को गाली तक देते हैं। उन्होंने छात्रों से कहा, ऐसे नेताओं को प्रोत्साहन नहीं दिया जाना चाहिए। सबसे अच्छा तरीका है कि गाली-गलौज करने वाले नेताओं को वोट ही नहीं दिया जाए।
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नायडू की यह टिप्पणी बजट सत्र के दूसरे भाग में हिंडनबर्ग-अडानी मामले में जेपीसी की मांग को लेकर लगातार हंगामे के बाद आई है। अडानी के मुद्दे और ब्रिटेन में लोकतंत्र पर राहुल गांधी की टिप्पणी को लेकर विपक्षी दल और भाजपा आमने-सामने थे। उन्होंने कहा, जनता विधानसभा और संसद सत्र देखती है। नेताओं को गाली देने के बजाय लोगों के कल्याण के बारे में बोलना चाहिए। इसके साथ ही उन्होंने कहा, युवाओं को अच्छे राजनेताओं का समर्थन करना चाहिए और उनके साथ खड़े रहना चाहिए।