मुंबई के पूर्व पुलिस आयुक्त एमएन सिंह ने एंटीलिया केस को शर्मनाक बताते कहा कि पुलिस बल में राजनीतिक हस्तक्षेप के कारण कुछ अधिकारी दुष्ट हो जाते हैं, यह बात बहुत घृणित है।
मुंबई के पूर्व पुलिस आयुक्त एमएन सिंह ने कहा कि दाऊद इब्राहिम जैसे गैंगस्टर राजनेताओं के संरक्षण में बहुत बड़े हो जाते हैं जो जनता को परेशान करते हैं। उन्होंने कहा कि सामाजिक पहचान ने दाऊद को राक्षस बना दिया। राजनेता अपराधियों का इस्तेमाल करते हैं क्योंकि उन्हें लगता है कि समाज पर उनकी पकड़ है।
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पुस्तक विमोचन के मौके पर बोले एमएन सिंह
सोमवार को मुंबई प्रेस क्लब में पत्रकार जितेंद्र दीक्षित की पुस्तक "बॉम्बे आफ्टर अयोध्या" के विमोचन के अवसर पर मुंबई के पूर्व पुलिस आयुक्त एमएन सिंह ने एंटीलिया केस को शर्मनाक बताते कहा कि पुलिस बल में राजनीतिक हस्तक्षेप के कारण कुछ अधिकारी दुष्ट हो जाते हैं, यह बात बहुत घृणित है कि मुंबई के कुछ पुलिस अधिकारी कथित रूप से शामिल थे।
राजनीतिक लोग पुलिस पर दवाब बनाते थे
दाऊद इब्राहिम एक राक्षस बन गया क्योंकि उसे संरक्षण प्राप्त था। अच्छे लोग उसके पास जाते थे। उनको दाऊद के साथ बहुत अच्छा लगा था। वहीं कई बिल्डरों और फिल्म निर्माताओं ने गैंगस्टरों को अपने पेरोल पर रखा था जो उनके लिए काम करते थे। राजनीतिक लोग पुलिस पर दवाब बनाते थे। उन्होंने कहा कि सुधार के लिए पुलिस बल को राजनीतिक नियंत्रण से बाहर किया जाना चाहिए।
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राजनेता तभी जागते हैं जब बात उनकी गर्दन पर आती है
एम एन सिंह ने कहा कि राजनेता अपराधियों का उपयोग करते हैं क्योंकि उन्हें लगता है कि समाज पर उनकी पकड़ है। वे वोट प्राप्त कर सकते हैं। इसमें पुलिस क्या कर सकती है? राजनेता तभी जागते हैं जब बात उनकी गर्दन पर आती है। अब मैं राजनेताओं को गैंगस्टरों के साथ शामिल होने और संपत्ति खरीदने के बारे में सुन रहा हूं। हाल ही में एनसीपी नेता मलिक की दाऊद की संपत्ति खरीद में नाम आया था, जिसकी जांच चल रही है।
मुंबई ब्लास्ट की जांच की
मुंबई के पूर्व पुलिस आयुक्त एमएन सिंह ने कई बड़े मामलों जैसे मुंबई ब्लास्ट की जांच की। 1993 के मुंबई बम धमाकों में 250 से अधिक लोग मारे गए थे और 1,000 से अधिक घायल हुए थे। बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज, एयर इंडिया बिल्डिंग, मुंबई एयरपोर्ट और झवेरी बाजार जैसे प्रसिद्ध स्थानों को निशाना बनाया गया।