आयुष्मान भारत योजना का व्हाट्सएप पर प्रचार करने के फर्जीवाड़े का पता चला है। पिछले कुछ दिनों में सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल होने वाले मैसेज में न सिर्फ लोगों से उनका नाम और फोन नंबर लेकर पंजीकरण कराया जा रहा है, बल्कि उन्हें व्हाट्सएप के 10 ग्रुप में वेब लिंक शेयर करने पर आयुष्मान भारत का लाभार्थी बनने का लालच भी दिया जा रहा है।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की तस्वीर के साथ आयुष्मान भारत का विज्ञापन लगे इस पेज के आधिकारिक वेबसाइट होने का दावा भी किया जा रहा है। व्हाट्सएप ग्रुप में लिंक शेयर करने के बाद लोगों को सालाना 5 लाख रुपये का स्वास्थ्य बीमा देने का दावा किया जा रहा है। इस बारे में राष्ट्रीय स्वास्थ्य एजेंसी के सीईओ डॉ. इंदुभूषण ने बताया कि ऐसे मैसेज पूरी तरह फर्जी हैं। उन्होंने इस पर रोक लगाने के लिए गृह मंत्रालय से मदद मांगी है।