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Fact Check: पाकिस्तानी राजनयिक को साउथ ब्लॉक कार्यालय में प्रवेश से रोका गया? वायरल वीडियो के पीछे की सच्चाई

Sun, 27 Apr 2025 04:00 PM IST
निर्मल कांत न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली।

सार

Fact Check: पहलगाम आतंकी हमले के बाद भारत और पाकिस्तान के बीच तनाव बढ़ने के बीच एक वीडियो वायरल हो है, जिसमें दावा किया गया कि एक पाकिस्तानी राजनयिक को दिल्ली स्थित विदेश मंत्रालय के मुख्यालय में प्रवेश नहीं करने दिया गया।
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विदेश मंत्रालय के गेट पर पाकिस्तानी राजनयिक - फोटो : वीडियो ग्रैब/एक्स/पीटीआई
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विस्तार
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दक्षिण कश्मीर के पहलगाम में पर्यटकों पर आतंकवादी हमले के बाद से भारत और पाकिस्तान के बीच तनाव बढ़ा हुआ है। इस बीच इंटरनेट पर एक वीडियो तेजी से वायरल हो रहा है, जिसमें दावा किया जा रहा है कि एक पाकिस्तानी राजयनिक को नई दिल्ली में विदेश मंत्रालय (एमईए) के मुख्यालय में प्रवेश करने की अनुमति नहीं दी गई। 

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वीडियो में एक पाकिस्तानी राजनयिक को दक्षिण ब्लॉक स्थित मुख्यालय के परिसर में आते देखा गया। वह थोड़ी देर तक सुरक्षा कर्मियों से बात करता है और फिर परिसर को छोड़कर चला जाता है।



सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर यह वीडियो जमकर साझा किया जा रहा है और दावा किया जा रहा है कि पाकिस्तानी राजनयिक को एमईए के मुख्यालय में घुसने नहीं दिया गया। इस वीडियो की सच्चाई क्या है, आइए जानते हैं। 
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दरअसल, समाचार एजेंसी पीटीआई ने 26 अप्रैल को वीडियो प्रसारित किया। वीडियो में पाकिस्तानी राजनयिक को दक्षिण ब्लॉक के परिसर में प्रवेश करते दिखाया गया। हालांकि यह नहीं बताया कि क्या उन्हें प्रवेश करने से रोका गया था। 

रिपोर्ट के मुताबिक, पाकिस्तानी राजनयिक गलती से दक्षिण ब्लॉक में प्रवेश कर गए थे, जबकि उन्हें जवाहर लाल नेहरू भवन में अधिकारियों से मिलना था, जो पास में ही स्थित है। जब उन्हें अपनी गलती का अहसास हुआ, तो वह दक्षिण ब्लॉक से निकल गए। हालांकि, इस पर कोई आधिकारिक टिप्पणी नहीं आई है। 
 
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पहलगाम आतंकी हमले में 26 भारतीय पर्यटकों की हत्या कर गई थी। इस बर्बर हमले के तार इस्लामाबाद से जुड़ने के बाद भारत सरकार ने बुधवार को पाकिस्तान के खिलाफ कड़े कदम उठाए। इसमें 65 साल पुरानी सिंधु जल संधि का निलंबन, अटारी सीमा क्रॉसिंग बंद करना और पाकिस्तानी सैन्य अधिकारियों को उच्चायोग से निष्कासित करना शामिल था। 

इसके जवाब में पाकिस्तान ने गुरुवार को शिमला समझौते को निलंबित करने, भारतीय विमानों के लिए अपना हवाई क्षेत्र बंद करने और तीसरे देशों के जरिए दिल्ली के साथ व्यापार निलंबित करने की घोषणा की। 

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