सरकारी गवाह बन चुके लश्कर के अमेरिकी मूल के आतंकी डेविड कोलमैन हेडली ने मुंबई की अदालत में बयान दिया था कि पाक सेना के मेजर अब्दुल रहमान पाशा और मेजर इकबाल ने मुंबई हमलों की साजिश रची थी। अमेरिकी जेल में बंद हेडली ने बताया कि जब 26/11 हमलों की साजिश रची जा रही थी, तब बैठक में पाक सेना के दोनों अफसरों के अलावा लश्कर आतंकी साजिद मीर, अबु काहफा और जकी उर रहमान लखवी भी मौजूद थे।
इमरान-शरीफ ने भी माना लश्कर का हाथ
पाकिस्तान के पूर्व पीएम नवाज शरीफ स्वीकार कर चुके हैं कि मुंबई हमले में लश्कर आतंकियों का हाथ था। उन्होंने यहां तक माना था कि पाकिस्तान सरकार की मदद से ही आतंकी भारत में घुसे थे। वहीं, पीएम बनने के बाद वाशिंगटन पोस्ट को दिए इंटरव्यू में इमरान ने कहा था कि 26/11 हमले में लश्कर आतंकी शामिल थे। मैंने अपनी सरकार को केस की स्थिति जानने के आदेश दिए हैं। केस को सुलझाना हमारे लिए जरूरी है, क्योंकि यह आतंकी हमला था।
पठानकोट एयरबेस पर 2 जनवरी, 2016 में हुए आतंकी हमले में 7 जवान शहीद हो गए थे। हमला जैश आतंकियों ने किया था। उसके 6 आतंकी भी मारे गए थे। खुफिया एजेंसियों ने आतंकियों की फोन कॉल इंटरसेप्ट की थी, जिसमें उन्होंने पाकिस्तान में परिजनों और आकाओं से बात की थी। पाक में उनके आकाओं के मोबाइल नंबर और आतंकियों के सीमापार से आने के सुबूत पाकिस्तान से साझा किए गए थे। आतंकियों के जीपीएस कॉर्डिनेट्स, कॉल लॉग्स और ट्रांसक्रिप्टस भी पाकिस्तान को सौंपे गए थे।
सीमापार से आए आतंकियों ने किया था उरी हमला
18 सितंबर, 2016 में चार लश्कर आतंकियों ने उरी सैन्य अड्डे पर हमला किया था। हमले में 19 जवान शहीद हुए थे, जबकि चारों आतंकियों को ढेर कर दिया गया था। भारत ने 9 दिन बाद ही तत्कालीन पाकिस्तानी उच्चायुक्त अब्दुल बासित को तलब कर हमले के सुबूत सौंपे थे। विदेश सचिव एस. जयशंकर ने बासित से मुलाकात कर उन्हें बताया कि उरी के एक हमलावर हाफिज अहमद की पहचान हो गई है। वह पाकिस्तान के मुजफ्फराबाद का रहने वाला था। स्थानीय लोगों ने दो अन्य को पकड़कर सेना के हवाले किया था। इनकी पहचान मुजफ्फराबाद के फैजल हुसैन और यासिन खुर्शीद के तौर पर हुई थी।
अमृतसर धमाके के भी तार पाक से जुड़े थे
पंजाब के अमृतसर के राजासांसी में नवंबर, 2018 में हुए ग्रेनेड हमले के तार भी पाकिस्तान से जुड़े थे। इस हमले में इस्तेमाल ग्रेनेड का इस्तेमाल पाकिस्तानी सेना करती है। धमाके में तीन लोग मारे गए थे।