मतदान केंद्र (बूथ स्तर) पर समस्याओं और शिकायतों के समाधान के लिए 4,000 से अधिक मतदाता पंजीकरण अधिकारियों (ईआरओ) ने देशभर के सभी राजनीतिक दलों के साथ मंथन शुरू किया है। इन ईआरओ को अपने-अपने निर्वाचन क्षेत्रों में लंबित मुद्दों के समाधान करने के लिए कहा गया है। दरअसल, कई राजनीतिक दलों ने चुनाव आयोग पर मतदान के आंकड़ों में गड़बड़ी कर भाजपा को लाभ पहुंचाने का आरोप लगाया था। उसी के मद्देनजर चुनाव आयोग ने सियासी दलों के साथ बैठकों का दौर शुरू किया है। ये बैठकें 31 मार्च तक पूरी होंगी।