चुनाव आयोग ने शिवसेना के चुनाव चिह्न पर रोक लगा दी है। जानकारी के मुताबिक, भारत के चुनाव आयोग ने एक अंतरिम आदेश जारी किया है। इसमें कहा गया है कि महाराष्ट्र के अंधेरी उपचुनाव में दोनों गुट में से किसी को भी शिवसेना का चुनाव चिह्न "धनुष और तीर" का उपयोग करने की अनुमति नहीं दी जाएगी।
चुनाव आयोग के मुताबिक, दोनों गुटों को वर्तमान उप-चुनावों के लिए चुनाव आयोग द्वारा प्रतीकों की सूची दी जाएगी। दोनों को अलग-अलग प्रतीकों का आवंटन किया जाएगा, जिनमें से वे एक का चुनाव कर सकते हैं। ऐसे में दोनों गुटों को 10 अक्तूबर को दोपहर एक बजे तक का समय दिया जाता है, आप अपनी प्राथमिकताएं बता सकते हैं।
उद्धव ठाकरे धड़े के अंबादास दानवे ने कहा कि अंधेरी विधानसभा सीट पर होने वाले उपचुनाव के लिए शिवसेना के चुनाव चिह्न पर रोक लगाने का निर्वाचन आयोग का अंतरिम आदेश अन्याय है। दरअसल, शिवसेना के ‘तीर धनुष’ चिह्न पर शिवसेना के एकनाथ शिंदे खेमे ने अपना दावा किया है, जबकि उद्धव का कहना है कि असली शिवसेना उनके साथ है। ऐसे में राज्य में आगामी विधानसभा उपचुनाव के मद्देनजर आयोग ने उद्धव गुट से शनिवार दोपहर दो बजे तक जवाब देने को कहा था।
बताया जा रहा है कि ठाकरे खेमे को आयोग का निर्देश शुक्रवार को आया था। इससे पहले शिंदे खेमे ने एक ज्ञापन सौंपकर अंधेरी पूर्व विधानसभा उपचुनाव के नजदीक होने के मद्देनजर ‘तीर धनुष’ चुनाव चिह्न उन्हें आवंटित करने की मांग की थी। इस पर आयोग ने ठाकरे को लिखे एक पत्र में उनसे आवश्यक दस्तावेजों के साथ आठ अक्तूबर को दोपहर दो बजे तक जवाब देने को कहा था।
दरअसल, ठाकरे गुट ने तीन नवंबर को होने वाले उपचुनाव के लिए विधायक रमेश लटके की पत्नी रुतुजा लटके को मैदान में उतारने का फैसला किया है। वहीं, शिंदे गुट की सहयोगी भाजपा ने रमेश लटके के निधन के कारण हो रहे उपचुनाव के लिए बृहन्मुंबई महानगर पालिका पार्षद मुरजी पटेल को मैदान में उतारने का फैसला किया है। कांग्रेस और राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (राकांपा) ने शिवसेना के ठाकरे खेमे और महाराष्ट्र विकास अघाड़ी (एमवीए) में उनके गठबंधन सहयोगी के उम्मीदवार का समर्थन करने का फैसला किया है।
फडवणीस ने राहुल गांधी पर साधा निशाना
इस बीच महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने शनिवार को स्वतंत्रता सेनानी विनायक दामोदर सावरकर के बारे में टिप्पणी को लेकर कांग्रेस नेता राहुल गांधी की आलोचना की। फडणवीस ने पूछा कि क्या शिवसेना प्रमुख उद्धव ठाकरे ऐसे बयान का समर्थन करते हैं। राहुल गांधी को भारत और कांग्रेस का इतिहास मालूम नहीं है। राहुल गांधी ने कहा कि सावरकर ब्रिटिश से वजीफा लिया करते थे और ये ऐतिहासिक तथ्य है। फडणवीस ने कहा कि राहुल गांधी ने फिर वीर सावरकर का अपमान किया है। वह लगातार कह रहे हैं कि वह एजेंट थे और पैसे लेते थे। मैं इस बयान की निंदा करता हूं।