बालासोर में डीआरडीओ के मिसाइल का सफल परीक्षण (वीडियो ग्रैब)
- फोटो : एक्स हैंडल- डीआरडीओ
रक्षा अनुसंधान एवं विकास संगठन (डीआरडीओ) की इंटरसेप्टर मिसाइल एडी-1 पाकिस्तान या चीन की मिसाइल को पलक झपकते नष्ट कर देगी। डीआरडीओ ने बुधवार को एडी-1 का अपने तरह का अनोखा सफल परीक्षण किया। एडी-1 एक समुद्र आधारित एंडो-ऐटमौसफेयरिक बीएमडी इंटरसेप्टर मिसाइल है।
ओडिशा के बालासोर जिले के अब्दुल कलाम आइलैंड में लॉन्च पैड-थ्री से पहले पृथ्वी-2 न्यूक्लियर बैलिस्टिक मिसाइल को सुबह 4:25 बजे दागा गया। जैसे ही पृथ्वी-2 मिसाइल ने बंगाल की खाड़ी में प्रवेश किया तो इंटरसेप्टर मिसाइल एडी-1 ने इसे भेदकर मार गिराया। इस परीक्षण के लिए बालासोर जिला प्रशासन ने दस गांवों के 10,581 लोगों को अस्थाई तौर पर विस्थापित किया था। एडी-1 की मदद से भारत भविष्य में देश की तरफ आने वाली किसी भी मिसाइल को हवा में नष्ट कर देगी। इस मिसाइल के दो श्रेणी एडी-1 और एडी-2 है।
राजनाथ ने दी डीआरडीओ को बधाई
रक्षामंत्री राजनाथ सिंह ने सफल परीक्षण के लिए डीआरडीओ की सराहना की। उन्होंने कहा, बुधवार को फिर से डीआरडीओ ने बैलिस्टिक मिसाइल की रक्षा क्षमता का प्रदर्शन किया है। इसके लिए डीआरडीओ की टीम को बधाई। डीआरडीओ अध्यक्ष डॉक्टर समीर वी कामत ने भी पूरी टीम को बधाई दी।
5000 किमी रेंज वाली मिसाइलों को मार गिराने में हैं सक्षम
एडी-1 व एडी-2 दोनों ही मिसाइलें दुश्मन की मध्यम दूरी की बैलिस्टिक मिसाइल (आईआरबीएम) को नष्ट कर सकती हैं। ये 5000 किमी रेंज तक वाली मिसाइलों को मार गिराने में सक्षम हैं। इनमें अमेरिका के टर्मिनल हाई एल्टीट्यूड एरिया डिफेंस (टीएचएएडी) मिसाइल जैसी रक्षा प्रणाली है। ये दुश्मन की मिसाइलों को आता देख फायर हो जाएंगी। ये अपनी जमीन से 1000 से 3000 किमी दूर पर ही उन्हें नष्ट कर देंगी।
आईआरबीएम मिसाइलों की रेंज व्यापक
इंटरसेप्टर मिसाइल एडी-1 को मध्यम दूरी की बैलिस्टिक मिसाइलों (आईआरबीएम) को ध्वस्त करने के मकसद से बनाया गया है। आईआरबीएम मिसाइलों की रेंज 3 से 5 हजार किलोमीटर होती है। अगर चीन इतनी दूरी से मिसाइल दागता है तो भारतीय सेना या नौसेना उसे रास्ते में ही ध्वस्त कर देगी।