भारतीय एनिमेशन उद्योग के ‘पिता’ के तौर पर पहचान रखने वाले राम मोहन का यहां शुक्रवार को 88 वर्ष की उम्र में निधन हो गया। उनके पारिवारिक सूत्रों ने इसकी पुष्टि की है।
राम मोहन ने अपने करियर की शुरुआत 1956 में भारत सरकार के फिल्म्स डिविजन ऑफ इंडिया की कार्टून फिल्म्स यूनिट से की थी। वह 1968 में फिल्म्स डिविजन छोड़कर प्रसाद प्रोडक्शंस में एनिमेशन डिविजन के चीफ के तौर पर जुड़ गए थे।
इसके बाद 1972 में उन्होंने राम मोहन बायोग्राफिक्स के नाम से खुद की प्रोडक्शन कंपनी शुरू की। उनका सबसे चर्चित काम 1992 में जापान के युगो साको के साथ मिलकर रामायण को एनिमेटिड रूप पेश करने का माना जाता है। राम मोहन ने पति, पत्नी और वो, शतरंज के खिलाड़ी, बीवी ओ बीवी, दो और दो पांच तथा कामचोर समेत बहुत सारी हिंदी फिल्मों के लिए दृश्यों के एनिमेशन का काम किया था।