अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की भारत यात्रा के दूसरे दिन मंगलवार को हैदराबाद हाउस में प्रधानमंत्री मोदी के साथ मुलाकात हुई। इस दौरान दोनों देशों के बीच कई समझौते पर हस्ताक्षर हुए। इसके बाद अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने संयुक्त रूप से बयान जारी किया।
अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा कि मेलानिया और मैं भारत की महिमा और भारतीय लोगों की असाधारण उदारता और आदरता से विस्मित हैं। हम आपके (पीएम मोदी) गृह राज्य के नागरिकों द्वारा किए गए शानदार स्वागत को हमेशा याद रखेंगे। दोनों देश आतंकवाद को खत्म करने के लिए साथ काम करेंगे।
ट्रंप ने कहा कि मोदी के साथ बातचीत में तीन बिलियन डॉलर (21.55 हजार करोड़ रुपये) के रक्षा सौदे को मंजूरी दी गई है। हमने अपाचे और एमएच-60 रोमियो हेलीकॉप्टर सहित दुनिया में बेहतरीन और उन्नत अमेरिकी सैन्य उपकरणों की खरीद के लिए भारत के साथ समझौते पर रक्षा सहयोग का विस्तार किया है। इससे हमारी संयुक्त रक्षा क्षमता बढ़ेगी।
इससे पहले सोमवार को ट्रंप ने मोटेरा स्टेडियम से 'नमस्ते ट्रंप' कार्यक्रम को संबोधित करते हुए पाकिस्तान और सीमापार आतंकवाद पर कड़ा प्रहार किया था। आतंकवाद पर ट्रंप ने कहा था कि हमारा प्रशासन आतंक के खिलाफ कड़ी कार्रवाई कर रहा है, पाकिस्तान पर भी हमने दबाव बनाया है। पाकिस्तान को आतंकवाद के खिलाफ एक्शन लेना ही होगा, हर देश को अपने आप को सुरक्षित करने का अधिकार है।
ट्रंप ने कहा था हमारे नागरिकों की सुरक्षा पर खतरा बनने वालों को भारी कीमत चुकानी पड़ेगी। उन्होंने कहा हमारा देश इस्लामिक आतंकवाद का शिकार रहा है, इसके खिलाफ हमने लड़ाई लड़ी है। डोनाल्ड ट्रंप ने कहा कि भारत और अमेरिका आतंकवाद के खिलाफ लड़ने और अपनी सीमाओं को सुरक्षित रखने के प्रति प्रतिबद्ध हैं।
सोमवार को भी ट्रंप ने कहा था कि कट्टर इस्लामिक आतंकवाद से अपने नागरिकों को बचाने के लिए हम दोनों साथ मिलकर काम करेंगे। हमने आईएसआईएस दरिंदे बगदादी को मार गिराया। हम पाकिस्तान के साथ मिलकर सीमापार आतंकवाद को रोकने की कोशिश करेंगे।