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एयरपोर्ट पर बैग का वजन बढ़ते ही लगता है एक्स्ट्रा चार्ज?: सांसद ने मशीनों की सटीकता उठाए सवाल, क्या है मामला?

Wed, 21 Oct 2026 03:39 PM IST
पवन पांडेय डिजिटल ब्यूरो, अमर उजाला, नई दिल्ली

सार

बैगेज वजन मशीनों में गड़बड़ी की शिकायत पहले भी सामने आ चुकी हैं। पुणे एयरपोर्ट पर की गई लीगल मेट्रोलॉजी की जांच में भी कुछ मशीनों में तय मानकों से अधिक त्रुटि पाई गई थी। लीगल मेट्रोलॉजी के तहत वजन और माप से जुड़े उपकरणों की सटीकता की जांच की जाती है।
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सांकेतिक तस्वीर - फोटो : ANI
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विस्तार
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एयरपोर्ट पर सामान का वजन ज्यादा दिखने और इसके चलते यात्रियों से अतिरिक्त बैगेज शुल्क वसूलने की शिकायतें सामने आई हैं। नागरिक उड्डयन मंत्रालय ने इस मामले का संज्ञान लिया है। इन शिकायतों के बीच देशभर के हवाई अड्डों पर लगी बैगेज वजन मशीनों की सटीकता पर सवाल उठ रहे हैं। अब इन मशीनों की जांच और उनकी विश्वसनीयता सुनिश्चित करने की मांग की गई है। भाजपा के राज्यसभा सांसद अजीत माधवराव गोपछड़े ने 27 सितंबर को कैबिनेट सचिव टीवी सोमनाथन को पत्र लिखकर देशभर के एयरपोर्ट पर लगी वजन मशीनों का विशेष ऑडिट कराने की मांग की है। उन्होंने कहा है कि यात्रियों के सामान का वजन करने वाली मशीनों की सटीकता की जांच जरूरी है, ताकि गलत वजन दिखने के कारण किसी यात्री को अतिरिक्त शुल्क न चुकाना पड़े।
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सांसद ने बैगेज वेइंग मशीनों का नियमित सत्यापन कराने और वैज्ञानिक तरीके से उनका कैलिब्रेशन सुनिश्चित करने का सुझाव दिया है। इसके अलावा उन्होंने एयरपोर्ट पर ऐसी रेफरेंस मशीनें लगाने की भी मांग की है, जिन पर यात्री अपने सामान का वजन स्वतंत्र रूप से जांच सकें। इससे यात्रियों को यह पता लगाने में मदद मिलेगी कि एयरपोर्ट की मशीन पर दिखाया गया वजन सही है या नहीं। सांसद ने अपने पत्र में एक सर्वे का हवाला दिया है। इसमें 289 जिलों के 36 हजार से ज्यादा यात्रियों ने हिस्सा लिया था। सर्वे के मुताबिक, हर 10 में से छह यात्रियों ने शिकायत की कि एयरपोर्ट पर उनके सामान का वजन घर पर किए गए वजन के मुकाबले ज्यादा दिखाया गया। इस तरह की शिकायतें यात्रियों के लिए परेशानी का कारण बन सकती हैं, क्योंकि निर्धारित सीमा से अधिक वजन दिखने पर उन्हें अतिरिक्त बैगेज शुल्क देना पड़ सकता है।

पत्र में एक ऐसे कथित मामले का भी जिक्र किया गया है, जिसमें एक ही बैग का वजन तीन अलग-अलग एयरपोर्ट पर लगी मशीनों में अलग-अलग दर्ज हुआ। एक मशीन पर बैग का वजन 18 किलो, दूसरी पर 16 किलो और तीसरी पर 15 किलो दिखाया गया। एक ही बैग के वजन में तीन किलो तक का अंतर मशीनों की सटीकता को लेकर सवाल खड़े करता है। हालांकि, इस मामले के स्वतंत्र सत्यापन की जानकारी सामने नहीं आई है।
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पुणे एयरपोर्ट पर भी मिली थी गड़बड़ी
बैगेज वजन मशीनों में गड़बड़ी की शिकायतें पहले भी सामने आ चुकी हैं। पुणे एयरपोर्ट पर की गई लीगल मेट्रोलॉजी की जांच में भी कुछ मशीनों में तय मानकों से अधिक त्रुटि पाई गई थी। लीगल मेट्रोलॉजी के तहत वजन और माप से जुड़े उपकरणों की सटीकता की जांच की जाती है, ताकि उनका इस्तेमाल निर्धारित मानकों के अनुसार हो। एयरपोर्ट पर बैगेज वजन मशीनों की सटीकता को लेकर शिकायतें नई नहीं हैं। दिसंबर 2023 में उपभोक्ता मामलों के मंत्रालय ने सभी राज्यों और केंद्रशासित प्रदेशों को एयरपोर्ट पर लगी बैगेज वजन मशीनों का निरीक्षण और सत्यापन कराने के निर्देश दिए थे। साथ ही जरूरत के मुताबिक मशीनों को दोबारा कैलिब्रेट कराने के लिए कहा गया था।

उस समय भी यात्रियों ने शिकायत की थी कि एयरपोर्ट पर उनके सामान का वजन वास्तविक वजन से अधिक दिखाया जा रहा है। इससे निर्धारित बैगेज सीमा के भीतर सामान होने के बावजूद अतिरिक्त शुल्क चुकाने की नौबत आ सकती है। अब एक बार फिर इन शिकायतों के सामने आने के बाद वजन मशीनों की सटीकता सुनिश्चित करने और यात्रियों को अपने सामान का वजन जांचने की सुविधा देने की मांग उठी है।
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