राजधानी चेन्नई में राज्य सरकार द्वारा संचालित कैंटीन में मुख्यमंत्री जयललिता के नाम व तस्वीर वाले बोर्डों को फेंके जाने के मामले में द्रमुक ने पार्टी के दो कार्यकर्ताओं पर कार्रवाई की है।
द्रमुक अध्यक्ष स्टालिन ने दोनों को पार्टी से निष्कासित कर दिया है। द्रमुक कार्यकताओं का जयललिता का बोर्ड फेंके जाने का वीडियो सोशल मीडिया में वायरल होने के बाद मंगलवार को यह कार्रवाई की गई है।
चेन्नई के पूर्व महापौर सुब्रमण्यम ने बताया कि द्रमुक अध्यक्ष स्टालिन के आदेश पर दोनों कार्यकर्ताओं को पार्टी से निष्कासित करते हुए उनके खिलाफ पुलिस में शिकायत दर्ज कराई गई है।
पुलिस ने कई धाराओं में केस दर्ज करते हुए दोनो को गिरफ्तार कर लिया है। दोनों आरोपी पार्टी के सामान्य कार्यकर्ता थे। उनके पास कोई पद भी नहीं था। उन्होंने बताया कि तस्वीर को उसकी पुरानी जगह पर लगा दिया गया है।
अम्मा दिवंगत मुख्यमंत्री और अन्नाद्रमुक की सुप्रीमो जे जयललिता का उपनाम है। सस्ती ‘अम्मा कैंटीन’ तमिलनाडू में नगर निकाय और चेन्नई नगर निगम चला रहे हैं। इन बोर्डों में तमिल भाषा में ‘अम्मा कैंटीन’ लिखा है। उस बोर्ड पर वहां परोसे जाने वाले भोजन की जानकारी भी दी गई है।