तमिलनाडु की डीएमके पार्टी की नेता और राज्य सभा सांसद कनिमोड़ी ने स्वीकार किया है कि पार्टी प्रमुख और उनके पिता करुणानिधि के बाद सौतेले भाई एमके स्टालिन ही पार्टी संभालेंगे। पिछले दिनों पूर्व मुख्यमंत्री और डीएमके प्रमुख करुणानिधि ने कहा था कि उनके न रहने की स्थिति में पार्टी की कमान स्टालिन संभालेंगे। लेकिन डीएमके में इस बात को लेकर कथित तौर पर खींचतान रही है कि करुणानिधि का असल राजनीतिक वारिस कौन है।
उनके दो बेटे अलागिरी और स्टालिन हैं जबकि कनिमोड़ी उनकी बेटी हैं और अभी तक इन सभी को दावेदार माना जाता रहा है। बताया जाता है कि अलागिरी इन दिनों सक्रिय राजनीति से थोड़े अलग कर दिए गए हैं और उन्होंने कुछ समाचार एजेंसियों से ये भी कहा है कि वे डीएमके के लिए वोट भी शायद ही करें। बीबीसी हिंदी से हुई ख़ास बातचीत में कनिमोड़ी ने कहा कि कांग्रेस नेतृत्व वाली यूपीए-2 सरकार से अलग होने की वजह 2जी स्पेक्ट्रम घोटाले में डीएमके नेताओं के खिलाफ कार्रवाई नहीं थी बल्कि मामला श्रीलंकाई तमिल लोगों के हितों पर उनकी पार्टी के रुख का था। 2जी स्पेक्ट्रम आवंटन मामले में डीएमके के पूर्व केंद्रीय मंत्री ए राजा और खुद करुणानिधि की बेटी कनिमोड़ी पर कथित भ्रष्टाचार के आरोप लगे थे और दोनों को जेल जाना पड़ा था।
फिलहाल दोनों नेता जमानत पर हैं और मामले की सुनवाई एक विशेष अदालत में भी जारी है। इधर कनिमोड़ी का कहना है क्योंकि मामला अदालत में चल रहा है, इसमें कोई शक नहीं कि आम लोग अब इसे कहीं ज्यादा बेहतर तरीके से समझ पाए हैं। उन्होंने कहा, "हम लोग खुद केस पूरा होने का इंतजार कर रहे और अपने दूसरे राजनीतिक प्रतिद्वंद्वी की तरह हम कम से कम इसे बेमतलब घसीटना नहीं चाहते। हम पूरा सहयोग कर रहे हैं और चाहते है कि न्याय मिले।"
तमिलनाडु विधानसभा चुनाव के लिए मतदान 16 मई को होना है जिसके नतीजे 19 मई को घोषित किए जाएंगे। सत्ताधारी एआईडीएमके और डीएमके के बीच इस बार टक्कर बराबरी की बताई जा रही है, हालांकि कनिमोड़ी के मुताबिक मामला एकतरफा है और उनकी पार्टी चुनाव जीतेगी।
लेकिन ये पूछे जाने पर कि जयललिता की सरकार ने अम्मा कैंटीन जैसे जो लोकप्रिय कदम उठाए हैं उन पर डीएमके का रुख क्या रहेगा, कनिमोड़ी ने जवाब सीधा दिया। उन्होंने कहा, "हम दूसरों की तरह नहीं हैं कि पुरानी स्कीमें बंद करते रहे। अगर अम्मा कैंटीन का कॉन्सेप्ट अच्छा है तो हम उसे जारी रखेंगे लेकिन इसका नाम बदल कर अन्ना कैंटीन रख देंगे। "