दिल्ली में डेंगू के मरीजों की संख्या में पिछले सालों की तुलना में काफी कमी आई है। इस वर्ष अब तक सिर्फ 343 डेंगू के मरीजों का पता चला है, जबकि पिछले वर्ष इसी समय तक 1465 मरीजों का पता चल चुका था। विशेषज्ञों का कहना है कि इसका श्रेय लोगों के बीच आई जागरूकता को दिया जा सकता है। इसके अलावा स्वास्थ्य विभाग की सक्रियता भी इसके लिए जिम्मेदार है।
कीट विज्ञानी बबिता बिष्ट ने कहा कि इस वर्ष उम्मीद की जा रही थी कि डेंगू ज्यादा हमलावर हो सकता है क्योंकि वह अपनी एक सायकिल पूरी कर चुका है, लेकिन अच्छी बात है कि इस तरह का असर अब तक देखने को नहीं मिला है।
उन्होंने कहा कि स्वास्थ्य विभाग की टीम ने लगातार दवाओं का छिड़काव किया है और जागरूकता अभियान चलाया है। इसका सीधा असर डेंगू बुखार के पीड़ितों की संख्या में आयी कमी के रूप में देखा जा सकता है।
बबिता बिष्ट ने बताया कि अभी भी मच्छरों से होने वाली बीमारियों जैसे डेंगू और मलेरिया बुखार के लिए उपयुक्त मौसम बना हुआ है। इसलिए अभी भी लोगों को इससे सतर्क रहना चाहिए और पूरी बांह के कपड़े ही पहनने चाहिए। उनके मुताबिक अक्टूबर-नवंबर का महीना भी मच्छरों के लिए काफी उपयुक्त होता है।