दिल्ली पुलिस ने हाईकोर्ट के फैसले को चुनौती देने के लिए सुप्रीम कोर्ट में विशेष अनुमति याचिका (एसएलपी) दायर की है। पुलिस ने उत्तर-पूर्वी दिल्ली दंगों के मामले से संबंधित पिंजरा तोड़ कार्यकर्ता देवांगना कलिता, नताशा नरवाल और जामिया के छात्र आसिफ इकबाल तन्हा को जमानत देने के फैसले को चुनौती दी है।
बता दें कि मंगलवार को दिल्ली हाईकोर्ट ने अवैध गतिविधि रोकथाम अधिनियम (यूएपीए) के तहत गिरफ्तार जेएनयू छात्राओं नताशा नरवाल, देवांगना कलिता और जामिया के छात्र आसिफ इकबाल तन्हा को जमानत दे दी थी। जमानत याचिका पर सुनवाई करते हुए दिल्ली हाईकोर्ट ने सख्त टिप्पणी की थी कि सरकार ने विरोध की आवाज को दबाने की चिंता में विरोध के अधिकार और आतंकी कृत्य के बीच अंतर को मिटा दिया। अगर ऐसी मानसिकता को हवा मिलती है तो ये लोकतंत्र के लिए दुखद दिन होगा।