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Land For Job Scam: अमित कात्याल को 16 नवंबर तक ईडी की हिरासत में भेजा गया, एक दिन पहले हुई थी गिरफ्तारी

Sun, 12 Nov 2023 12:39 AM IST
गुलाम अहमद न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली

सार

सूत्रों के मुताबिक, अमित कात्याल करीब दो महीने से ईडी के समन की अनदेखी कर रहे थे। दिल्ली हाईकोर्ट हाल में उक्त मामले में ईडी का समन रद्द करने की उनकी याचिका याचिका खारिज कर चुकी है।
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Amit Katyal - फोटो : सोशल मीडिया
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विस्तार
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प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) द्वारा नौकरी के बदले जमीन घोटाले से जुड़े मनी लॉन्ड्रिंग मामले में गिरफ्तार किए गए कारोबारी अमित कात्याल को शनिवार को दिल्ली की विशेष अदालत में पेश किया गया, जहां से उन्हें 16 नवंबर तक ईडी की हिरासत में भेज दिया गया। अमित कात्याल राष्ट्रीय जनता दल प्रमुख लालू प्रसाद यादव और उनके बेटे तेजस्वी यादव के सहयोगी बताए जा रहे हैं।

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आधिकारिक सूत्रों ने शनिवार को बताया कि कात्याल को एक दिन पहले हिरासत में लिया गया और फिर पूछताछ के बाद गिरफ्तार कर लिया गया। सूत्रों के मुताबिक, कात्याल करीब दो महीने से ईडी के समन की अनदेखी कर रहे थे। दिल्ली हाईकोर्ट हाल में उक्त मामले में ईडी का समन रद्द करने की उनकी याचिका याचिका खारिज कर चुकी है। जांच एजेंसी के मुताबिक, कात्याल राजद सुप्रीमो के करीबी सहयोगी होने के अलावा एके इंफोसिस्टम्स प्राइवेट लिमिटेड के पूर्व निदेशक भी हैं।
 

एके इंफोसिस्टम्स प्राइवेट लिमिटेड मामले में कथित तौर पर एक लाभार्थी कंपनी है। आरोप है कि 2004 से 2009 तक भारतीय रेलवे के विभिन्न क्षेत्रों में समूह डी पदों पर कई लोगों को नियुक्त किया गया था और बदले में इन लोगों ने अपनी जमीन तत्कालीन रेल मंत्री लालू के परिवार के सदस्यों और एके इंफोसिस्टम्स प्राइवेट लिमिटेड को हस्तांतरित कर दी थी।
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मार्च में ईडी ने मारा था छापा
एके इंफोसिस्टम्स प्राइवेट लिमिटेड का पंजीकृत पता दक्षिणी दिल्ली की न्यू फ्रेंड्स कॉलोनी स्थित एक आवासीय इमारत है, जिसका इस्तेमाल तेजस्वी यादव कर रहे थे। ईडी ने इसी साल मार्च में लालू, तेजस्वी, उनकी बहनों और अन्य लोगों के परिसरों पर मारे गए छापे के दौरान कात्याल के ठिकानों को भी खंगाला था। नौकरी के बदले जमीन घोटाले उस समय का है, जब लालू केंद्र में संयुक्त प्रगतिशील गठबंधन (यूपीए) सरकार के पहले कार्यकाल के दौरान रेल मंत्री थे।

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