राज्यसभा में सदन के नेता पीयूष गोयल ने कहा कि यह सरकार नहीं बल्कि विपक्ष है जो संसद में बहस से भाग रहा है। वित्तमंत्री सीतारमण के पूरी तरह से कोविड-19 से उबरने और संसद में लौटने के बाद सरकार मूल्य वृद्धि पर चर्चा के लिए तैयार है।
सत्तारूढ़ भाजपा ने मंगलवार को कहा कि राज्यसभा से 19 विपक्षी सांसदों को निलंबित करने का फैसला 'भारी मन' के साथ इसलिए लिया गया है क्योंकि उन्होंने संदन को चलने देने की स्पीकर की अध्यक्ष की अपील को बार-बार नजरअंदाज किया और अन्य सदस्यों के अधिकारों का उल्लंघन किया।
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राज्यसभा में सदन के नेता पीयूष गोयल ने कहा कि यह सरकार नहीं बल्कि विपक्ष है जो संसद में बहस से भाग रहा है। उन्होंने दोहराया कि वित्तमंत्री निर्मला सीतारमण के पूरी तरह से कोविड-19 से उबरने और संसद में लौटने के बाद सरकार मूल्य वृद्धि पर चर्चा के लिए तैयार है।
गोयल ने संवाददाताओं से कहा कि भारत, कई देशों की तुलना में मुद्रास्फीति और मूल्य वृद्धि से बेहतर से निपटा है और सरकार संसद को मूल्य वृद्धि से निपटने के लिए उठाए गए महत्वपूर्ण कदमों के बारे में सूचित करना चाहती है।
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उन्होंने लेबल वाले खाद्य पदार्थों पर वस्तु एवं सेवा कर (जीएसटी) लगाने का विरोध पर विपक्षी दलों पर भी निशाना साधा। उन्होंने कहा कि कांग्रेस, तृणमूल कांग्रेस और वामदलों सहित विपक्षी सदस्य जीएसटी परिषद का हिस्सा थे, जिसने सर्वसम्मति ने से नई लेवी शुरू करने का फैसला लिया।
अनुराग ठाकुर ने कही यह बात
केंद्रीय मंत्री अनुराग ठाकुर ने कहा कि हम लोग कांग्रेस के भ्रष्टाचार के खिलाफ आंदोलन करते थे और आज कांग्रेस भ्रष्टाचारियों को बचाने के लिए आंदोलन कर रही है। ये बड़ा अंतर है। कांग्रेस जनता के मुद्दों को नहीं उठाना चाहती है बल्कि परिवार तक सीमित होना चाहती है। उन्होंने कहा कि जितना मर्जी भाग लो, सच देश के सामने आएगा। भ्रष्टाचारी बेनकाब हुए हैं और जांच एजेंसी अपना काम करेगी। मैं चाहूंगा कि कांग्रेस के सदस्य और बाकी भी सदन में आए और चर्चा करे। सरकार पहले दिन से चर्चा के लिए पूरी तरह से तैयार है और आगे भी तैयार रहेगी।