विहिप नेता प्रवीण तोगड़िया ने एक बार राम मंदिर के निर्माण का मुद्दा छेड़ा है। तोगड़िया ने कहा कि अयोध्या में राम मंदिर का निर्माण भारत की आस्था से जुड़ा सवाल है। इसका निर्माण दृढ़ इच्छाशक्ति से किया जा सकता है। जिस तरह अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने एक सप्ताह के अंदर सात मुस्लिम देशों के नागरिकों पर प्रतिबंध लगाकर इच्छाशक्ति को प्रदर्शित किया है, उसी तरह राम मंदिर का निर्माण भी किया जा सकता है।
उन्होंने दोहराया कि अगर वचन दिया है तो सरकार राम मंदिर बनाये। तोगड़िया शनिवार को विश्व हिंदू परिषद की ओर से आयोजित विश्व संवाद केंद्र राष्ट्रीय कार्यशाला के अधिवेशन को संबोधित करने के दौरान पत्रकारों से मुखातिब हुए। उन्होंने कहा कि जिस तरह पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी के नेतृत्व में तत्कालीन एनडीए सरकार ने लोकसभा और राज्यसभा के संयुक्त सत्र में आतंकवाद निरोधी कानून को अमलीजामा पहनाया था।
इसी प्रकार सात दिन से भी कम समय में राम मंदिर निर्माण का संवैधानिक हल कानून बनाकर किया जा सकता है और इसी के साथ मंदिर का निर्माण कार्य भी शुरू किया जा सकता है। बुर्के की आड़ में हो रहे फर्जी मतदान की बहस को उन्होंने यह कहकर टाल दिया कि चुनाव आयोग ऐसी समस्याओं से निपटने में सक्षम है।
जैसे ही समस्या आयोग के संज्ञान में होगी इसका स्थायी हल भी निकाल लिया जायेगा। उत्तर प्रदेश में विधानसभा चुनाव के परिणाम पर पूछे गए सवाल को वह यह कहते हुए टाल गए कि आगामी शनिवार को मैं परिणाम आपको बता दूंगा कि किसकी सरकार बनेगी और किसे बहुमत प्राप्त होगा।