अतंर्राष्ट्रीय महिला दिवस के मौके पर मंगलवार को संसद में अलग ही नजारा दिखा। लोकसभा में चर्चा की कमान महिला सद्स्यों के हाथों में थी। सभी महिला सदस्यों ने सशक्तिकरण, समानता, नारी शिक्षा और उनकी सुरक्षा से जुड़े कई महत्वपूर्ण बिंदुओं पर अपनी राय दी और बालात्कार एवं भ्रूण हत्या सरीखे मामलों पर कड़े कानून बनाने की मांग की।
इस दौरान कांग्रेस अध्यक्ष और रायबरेली से सांसद सोनिया गांधी ने कहा कि महिला आरक्षण विधेयक जल्द पारित किया जाए। उन्होंने कड़े लहजे में कहा कि हमें हमारा जायज हक दो। इस दौरान भी वो सरकार पर हमला करने से चूकी नहीं और कहा कि अधिकतम सुशासन का मतलब प्रतिशोध की भावना को परे रखकर असहमति को विस्तार प्रदान करना चाहिए।
इस दौरान सोनिया ने महिलाओं के उत्थान में कांग्रेस की भूमिका बताते हुए कहा कि पार्टी ने देश को पहली महिला प्रधानमंत्री, राष्ट्रपति और लोकसभा अध्यक्ष दिया।