देश की सेमी हाईस्पीड ट्रेन वंदे भारत स्लीपर के पटरी पर दौड़ने की तारीख सामने आ गई है। रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने कहा है कि 15 अक्तूबर के बाद सेवा शुरू की जाएगी। अभी दूसरी ट्रेन को नियमित सेवा के लिए तैयार किया जा रहा है। दूसरी ट्रेन तैयार होते ही वंदे भारत स्लीपर का परिचालन शुरू कर दिया जाएगा।
रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने कहा कि दूसरी ट्रेन के नियमित सेवा के लिए तैयार होने के बाद वंदे भारत स्लीपर ट्रेनें शुरू की जाएंगी। आवश्यक परीक्षण और जांच के बाद एक ट्रेन दिल्ली के शकूर बस्ती कोचिंग डिपो में संचालन के लिए तैयार है। दूसरी ट्रेन का निर्माण किया जा रहा है। यह संभवतः 15 अक्तूबर 2025 तक तैयार हो जाएगी। दोनों ट्रेनें एक साथ शुरू की जाएंगी।
रेल मंत्री ने कहा कि नियमित सेवा के लिए दूसरी ट्रेन महत्वपूर्ण है। इसलिए हम दूसरे रैक का इंतजार कर रहे हैं। एक बार यह मिल जाए तो हम कोई भी रूट तय करेंगे और परिचालन शुरू करेंगे। ऐसा माना जा रहा है कि वंदे भारत स्लीपर ट्रेन नई दिल्ली और पटना के बीच शुरू की जाएगी।
पंजाब में रेल परियोजनाओं पर तेजी से हुआ काम
रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने रेल राज्य मंत्री रवनीत सिंह बिट्टू के साथ पंजाब में मौजूदा और आगामी रेलवे परियोजनाओं की स्थिति के बारे में जानकारी दी। उन्होंने कहा कि आगामी 18 किलोमीटर लंबी राजपुरा-मोहाली लाइन इस क्षेत्र को अंबाला-अमृतसर मुख्य लाइन के सबसे छोटे मार्ग के माध्यम से चंडीगढ़ से जोड़ेगी। राजपुरा और मोहाली के बीच सीधे संपर्क और यात्रा दूरी को लगभग 66 किलोमीटर कम करने के अलावा इससे मौजूदा राजपुरा-अंबाला मार्ग पर यातायात में आसानी होगी और अंबाला-मोरिंडा संपर्क छोटा होगा।
रेल मंत्री ने कहा कि रेल मंत्रालय ने नई दिल्ली और फिरोजपुर छावनी के बीच एक नई वंदे भारत ट्रेन शुरू करने का भी प्रस्ताव दिया है। जो फरीदकोट, भटिंडा (पश्चिम), धुरी, पटियाला, अंबाला छावनी, कुरुक्षेत्र और पानीपत स्टेशनों को कवर करेगी। यह ट्रेन दिल्ली और फिरोजपुर छावनी के बीच 486 किलोमीटर की दूरी 6 घंटे 40 मिनट में तय करेगी। मैं प्रधानमंत्री से फिरोजपुर-दिल्ली वंदे भारत ट्रेन को मंजूरी देने का अनुरोध करूंगा।
रेल परियोजनाओं की दी जानकारी
मंत्रियों ने 2014 के बाद शुरू की गई नौ महत्वपूर्ण रेलवे परियोजनाओं की जानकारी साझा की। इनमें नई नंगल डैम-दौलतपुर चौक लाइन (61 किलोमीटर, 672 करोड़ रुपये), और चक्की बैंक-भरोली लाइन (3 किलोमीटर, 15 करोड़ रुपये) का दोहरीकरण, जाखल-मानसा लाइन (45 किलोमीटर, 163 करोड़ रुपये), जेयूसी-सुचीपिंड लाइन (4 किलोमीटर, 24 करोड़ रुपये), अंबाला-चंडीगढ़ लाइन (45 किलोमीटर, 338 करोड़ रुपये), मानसा-भटिंडा लाइन (49 किलोमीटर, 216 करोड़ रुपये), अमृतसर-छेहरटा लाइन (7 किलोमीटर, 31 करोड़ रुपये), जालंधर-जम्मू तवी लाइन (211 किलोमीटर, 850 करोड़ रुपये) और राजपुरा-बठिंडा लाइन (173 किलोमीटर, 2,459 करोड़ रुपये) शामिल हैं।
उन्होंने निर्माणाधीन सात रेलवे परियोजनाओं की भी जानकारी दी। इनमें नंगल डैम-तलवाड़ा नई लाइन (123 किलोमीटर, 2,018 करोड़ रुपये), भानुपल्ली-बिलासपुर-बेरी नई लाइन (63 किलोमीटर, 6,753 करोड़ रुपये) और फिरोजपुर-पट्टी नई लाइन (26 किलोमीटर, 300 करोड़ रुपये) तथा मानसा-भटिंडा लाइन (80 किलोमीटर, 449 करोड़ रुपये), लुधियाना-किला रायपुर लाइन (17 किलोमीटर, 238 करोड़ रुपये), लुधियाना-मुल्लांपुर लाइन (21 किलोमीटर, 295 करोड़ रुपये) और अलाल-हिम्मतना लाइन (13 किलोमीटर, 174 करोड़ रुपये) का दोहरीकरण शामिल है।
30 अमृत भारत स्टेशन बन रहे: रेल मंत्री
रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने कहा कि अमृत भारत स्टेशन पुनर्विकास योजना के तहत 30 स्टेशनों का पुनर्विकास किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि मालदा, मैसूर, सियालदह, नागपुर और त्रिवेंद्रम सहित 29 रेल डिवीजनों ने 90 प्रतिशत समय की पाबंदी हासिल की है।