भारतीय तटरक्षक बल (कोस्ट गार्ड) ने चक्रवात सितरंग के मद्देनजर बंगाल की खाड़ी में एक ज्वाइंट ऑपरेशन में बीस बांग्लादेशी मछुआरों की जान बचाई। कोलकाता में कोस्ट गार्ड बल के उत्तर पूर्व मुख्यालय के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बुधवार को यह जानकारी दी।
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अधिकारी के अनुसार, भारत और बांग्लादेश के बीच अंतरराष्ट्रीय समुद्री सीमा रेखा (आईएमबीएल) के पास मंगलवार को बल के डोर्नियर विमान ने मछुआरों को मुसीबत में फंसे देखा। यह जगह बंगाल के दक्षिण 24 परगना जिले में सागर द्वीप से लगभग 90 समुद्री मील (लगभग 167 किमी) की दूरी पर थी। मछुआरे पानी में तैर रहे थे और नावों के उलट जाने से मलबे में फंस गए थे।
अधिकारी ने कहा कि हमारे डोर्नियर ने तुरंत एक लाइफ राफ्ट गिरा दिया। फिर उस इलाके के एक एक व्यापारी जहाज एमवी नंता भुम को इन मछुआरों को अपनी जहाज में लेने का निर्देश दिया गया। यह मलेशिया के पोर्ट क्लैंग से कोलकाता बंदरगाह की ओर जा रहा था। बाद में 20 बांग्लादेशियों को आईसीजीएस विजया ने अपने कब्जे में ले लिया। जहाज पर उनका चिकित्सकीय परीक्षण किया गया और उन्हें भोजन और पानी उपलब्ध कराया गया। अधिकारी ने बताया कि बांग्लादेशी अधिकारियों को भी इस बारे में सूचित कर दिया गया है और मछुआरों को जल्द पड़ोसी देश के तटरक्षक बल को सौंप दिया जाएगा।