उधर, चक्रवाती तूफान क्यार का खतरा महाराष्ट्र के तटीय इलाकों में भी बढ़ गया है। मौसम विभाग ने यहां के तटीय जिलों रत्नागिरि और सिंधुदुर्ग में अगले 12 घंटों में बहुत अधिक बारिश होने की चेतावनी जारी की है।
विभाग के अनुसार, अरब सागर में कम दबाव के क्षेत्र ने शुक्रवार सुबह क्यार की क्षमता में इजाफा कर दिया है। ऐसे में आने वाले 12 घंटों में इस तूफान के तेज होने और अगले 24 घंटों में और अधिक शक्तिशाली होने की आशंका है।
हालांकि विभाग ने यह आशंका भी जताई है कि 24 घंटे के बाद यह तूफान ओमान तट की ओर चला जाएगा। फिलहाल मौसम विभाग ने सिंधुदुर्ग जिले के लिए रेड अलर्ट जारी कर दिया है।
क्यार चक्रवात के चलते शनिवार को हवाओं की रफ्तार बढ़कर 110 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंच सकती है। इस तूफान का महाराष्ट्र के रत्नागिरि, सिंधुदुर्ग, रायगढ़ सहित गोवा और उत्तर कर्नाटक के तटीय इलाकों पर असर देखा जा सकता है।
बता दें कि गोवा में पिछले तीन दिन से लगातार भारी बारिश दर्ज की गई है। मौसम विभाग के अनुसार फिलहाल इससे राहत की उम्मीद कम है। गोवा में पर्यटकों को सलाह दी गई है कि वह अपने आवासों में रहें और मछुआरों से कहा गया है कि समुद्र में न जाएं।
उधर, बंगाल की खाड़ी में निम्न दबाव का क्षेत्र बनने के कारण ओडिशा में भी लगातार तीसरे दिन बारिश का असर देखा गया। राज्य में बारिश के कारण हुए हादसों में कम से कम तीन लोगों की मौत हो गई और चार घायल हो गए। राजधानी भुवनेश्वर में ही बीते दो दिन में 253 मिमी बारिश दर्ज की गई है। मौसम विभाग का अनुमान है कि शनिवार तक बारिश से राहत की उम्मीद नहीं है।